The Author dinesh amrawanshi फॉलो Current Read जस्बात-ए-मोहब्बत - 1 By dinesh amrawanshi हिंदी प्रेम कथाएँ Share Facebook Twitter Whatsapp Featured Books खलनायिका के रूप में पुनर्जन्म - 8 "रु... रुकिए... डैड..."आईसीयू के अंदर से आई एक बेहद कमज़ोर,... Mitalika - Ek Adhuri Prem Kahani - Part 13 तुम समय के बीच खडे हो, समीर. उन्होंने कहा. अगर तुमने सही फैस... अधूरी मोहब्बत: दो दुनिया - भाग 16 **भाग सोलह: अजनबी राहें और वो अनजान आँखें**वक़्त किसी के लिए... प्यार का जाल - 4 उस रहस्यमयी मैसेज के बाद आरव की पूरी रात जागते हुए बीती। कमर... जिंदगी की दूसरे किनारा - 31 जिंदगी की दूसरा किनारा पार्ट 31और तभी अचानक मेघना के सांस चढ... श्रेणी लघुकथा आध्यात्मिक कथा फिक्शन कहानी प्रेरक कथा क्लासिक कहानियां बाल कथाएँ हास्य कथाएं पत्रिका कविता यात्रा विशेष महिला विशेष नाटक प्रेम कथाएँ जासूसी कहानी सामाजिक कहानियां रोमांचक कहानियाँ मानवीय विज्ञान मनोविज्ञान स्वास्थ्य जीवनी पकाने की विधि पत्र डरावनी कहानी फिल्म समीक्षा पौराणिक कथा पुस्तक समीक्षाएं थ्रिलर कल्पित-विज्ञान व्यापार खेल जानवरों ज्योतिष शास्त्र विज्ञान कुछ भी क्राइम कहानी उपन्यास dinesh amrawanshi द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ कुल प्रकरण : 16 शेयर करे जस्बात-ए-मोहब्बत - 1 4.9k 10.1k ये कहानी है एक लड़की जो प्रेम नगर देहरादून में रहती है जिसका नाम रिचा है वह एक अच्छी और रिच फैमिली से बिलोंगे करती है रिचा के पापा आलोक शर्मा पी.डब्ल्यू.डी. डिपार्टमेंट में सी.ई.ओ. है उसकी माँ ममता शर्मा एक हाउस वाइफ है एक बड़ा भाई नितिन शर्मा जिनका देहरादून में ही इलेक्ट्रॉनिक्स का बहुत बड़ा शोरूम है ओर एक छोटी बहन आयेशा शर्मा जो अपनी 12th की पढ़ाई कर रही है 20 साल की रिचा स्वभाव से बहुत ही खुश मिज़ाज और सुलझी हुई लड़की है दिखने में इतनी खूबसूरत है कि कोई भी इम्प्रेष हो जाये सादगी तो चेहरे में भर भर के दी है ऊपर वाले ने रिचा बचपन से ही डॉक्टर बनना चाहती थी तो रिचा NEET की तैयारी करती है आवर एग्ज़ाम देती है रिचा पढ़ाई में बहुत अच्छी है तो NEET का एग्ज़ाम पास कर लेती है उसके बाद एम.बी.बी.एस.में सेलेक्शन हो जाता है और गवर्मेंट दून मेडिकल कॉलेज में एड्मिसन हो जाता है जो उसके ही शहर में है अगले ही दिन से यानी जुलाई 31 से कॉलेज जाना शुरू कर देती है रिचा कॉलेज पहुंचती है अब कॉलेज तो उसके लिए नया है तो उसे पता नही होता कि उसका क्लास रूम किस तरफ है तभी सामने से एक लड़का गुज़र रहा होता है रिचा उससे पूूूछती है एक्सक्यूज़ मी वेयर इज़ दी एमबीबीएस फर्स्ट ईयर क्लास तो वह उसे क्लास का पता बता कर वहां से चला जाता है रिचा भी अपनी क्लास में चली जाती है क्लास में काफी स्टूडेनट बैैैठे होते है रिचा सामने की एक बैंंच में बैैैठ जाती है जिसमे एक लड़की और बैैैठी होती है रिचा उससे कहती है हाय मेरा नाम रिचा है रिचा शर्मा तो वह लड़की भी उसे अपना इंट्रो देती है हाय मेरा नाम नयंसी है इसके बाद क्लासेस शुरू हो जाती है फर्स्ट हाफ खत्म होता है इसके बाद रिचा लंच टाइम में कैैंटिन जाती है नयंसी भी वही बैैैठी होती है उसके साथ दो लड़कियां और होती है रिचा भी उन्ही लोगो के साथ बैठ जाती है नयंसी रिचा से दोनों का परिचय करवाती है रिचा ये नेहा है ओर ये रितु है और ये है रिचा फिर चारो कैैंटिन में नास्ता करके सेकेंण्ड हाफ के लिए क्लास जाती है सेकेंड हाफ में जब सभी क्लास में बैठे होते है तभी एक प्रोफ़ेसर क्लास में एंटर होते है रिचा उन्हें देखकर एक दम से चॉक जाती है दर असल ये वही लड़का होता है जिससे रिचा अपनी क्लास का पता पूूूछती है जो रिचा के बायोकेमिस्ट्री के प्रोफ़ेसर होते है प्रोफ़ेसर प्रतीक अवस्थी,जो सारे कॉलेज में एक ही हैैंडसम और यंग पीस है जिस पर लड़कियां मरती है उसे अपना बनाने के लिए पर प्रोफेसर अवस्थी एक लॉयल बंदा है उन इंसानों में से जो अपना काम पूरी लॉयल्टी के साथ निभाते है खैर जब प्रोफ़ेसर अवस्थी क्लास में आते है तो रिचा उन्हें देख कर चॉक जाती है प्रोफ़ेसर अवस्थी क्लास को पढ़ाने लगते है पर रिचा की नज़रे प्रोफ़ेसर पर होती है पर रिचा खुद को थोड़ा सम्भालती है › अगला प्रकरण जस्बात-ए-मोहब्बत - 2 Download Our App