सर्वश्रेष्ठ लघुकथा कहानियाँ पढ़ें और PDF में डाउनलोड करें

कागा सब तन खाइयो
द्वारा कल्पना मनोरमा
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बेटे की शादी के बाद अपने-अपने नाती-पोते के जन्मोत्सव पर उषा और मंजुला फिर से मिल रही थीं ।अचानक आई महामारी ने दोनों को एक जगह कैद कर दिया ...

जिंदगी की सफर वेंटिलेटर तक
द्वारा patel suhani
  • 1.8k

आज मे आपक एक कहानी सुनाती हु जिसका मे हिस्सा भी हु ओर किस्सा  हु।साम के साडे सात बजे थेे ,घर मे  चहल  पहल  थी, अचाानक घर मे एक ...

सौतेला प्लूटो
द्वारा Sohail Saifi
  • 1k

प्रिय प्लूटो मुझे ये जान कर बेहद दुख हुआ, की अब आप हमारे सौरमंडल के मुख्य ग्रह परिवार के सदस्य नही रहे, आपको पृथ्वी वासियों ने सौतेला बता कर ...

आशीर्वाद या –----!
द्वारा sudha bhargava
  • 1k

    कहानी  आशीर्वाद या –----!           सुधा भार्गव        अपनी शादी के  करीब एक वर्ष बाद मैं अपने पति के साथ कलकत्ते ...

मौत का बिस्तर
द्वारा Lokesh Kumar Yadav
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 मौत का बिस्तर एक मरीज की डायरी! "डॉक्टर, कब तक?"  मैं पूछ रहा था कि मैं कब तक जीवित रहूंगा।  लेकिन मुझे पता था कि उसका जवाब इस बारे में था ...

बिन्नी से तृप्ति
द्वारा Bharti
  • 1k

                              हाँ! इसका नाम "बिन्नी"रखेंगे,हाँ! यही रखेंगे, पापा  ने खुश होते हुए कहा और मम्मी ...

राजा रानी - Suicide
द्वारा Mens HUB
  • 1.8k

राजा रानी - Suicide Men's HUB Team & Swastik Dey     प्रथम आयाम आकाश की आयु 17 साल की थी और उसने इसी वर्ष 12 वी की परीक्षा ...

पत्नी
द्वारा Kumar Kishan Kirti
  • 1.1k

      लम्बे अरसे के बाद उसके घर गया था काम के सिलसिला में उसके क्षेत्र की जाना था, तो सोचा एक बार बहन के यहाँ घूम आऊं ...

....और जिंदगी चलती रही
द्वारा Dr.Ranjana Jaiswal
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  • 2.1k

          तीन दिन हो गए थे चलते-चलते...पाँव में छाले निकल आये थे। शरीर धूल और पसीने से तर-बतर हो चला था। गाँव इतना दूर पहले कभी ...

बेड टी
द्वारा Ashish Saxena
  • 1.8k

  "कविता! मेरी चाय कहाँ हैं " रवि बिस्तर पर सुबह उठते ही पूछता हैं और फिर कोई उत्तर न मिलने पर ढूढ़ते हुए पूरे घर में आवाज़ लगाता ...

झील गहरी
द्वारा Sneh Goswami
  • 1.1k

  झील गहरी   बठिन्डा शहर के बीचोबीच दूर दूर तक फैली दो बङी बङी झीलें । उन झीलों में बत्तखों जैसी तैरती रंग बिरंगी किश्तियाँ ।  सङक के ...

एक दिया मुंडेर पर
द्वारा Satish Sardana Kumar
  • 967

सिरसा!जाने कैसा शहर है यह?फतेहाबाद से पीलीबंगा बुआ के घर जाते समय यह शहर रास्ते में पड़ता था।बचपन से लेकर कॉलेज में ग्रेजुएशन करने तक मैं बहुत कम बार ...

मन की बात
द्वारा इंदर भोले नाथ
  • 1k

फूलचंद नाम का एक किसान था,उसके दो बेटे थे, रमेश और महेश। महेश की उमर १३ साल और रमेश की ३ साल थी फूलचंद की पत्नी का नाम पार्वती था, वो ...

हंस चुगेगा दाना दुनका कौवा मोती खायेगा
द्वारा S Sinha
  • 959

                                           कहानी  -    हंस चुगेगा  दाना दुनका  कौवा ...

गांव से लौटकर
द्वारा Lalit Rathod
  • 921

गांव का आख़री दिन बहुत अजीब सा अकेलापन में शामिल कर लेता है। रात में ही दिमाग से घर में बिताया समय खत्म हो चुका होता है। अगली सुबह ...

मालिक...The GOD
द्वारा Pratap Singh
  • 376

मालिक“ए मालिक तेरे बंदे हम.. ऐसे हो हमारे करम….। घर पर तेज़ आवाज में रेडियो पर बज रहे गाने की आवाज को सुगंधा ने कम कर किसी से पैसों ...

मोबाइल बड़े कमाल की चीज़ है
द्वारा Sushree Mukherjee
  • 312

मोबाइल बड़े काम की चीज़ है। इंसान के जीने का तरीका ही इसने बदल दिया है। इसे के कारण इंसान को कॉल, मैसेज, ऑफिस का काम, घड़ी, मूवी, गाने, ...

छोटू
द्वारा saba vakeel
  • 475

चाय पीने के लिए छोटे से ढाबे पर गई थी। देखा तो वहां पर एक छोटा लड़का काम कर रहा था। सब उसको छोटू-छोटू कह रहे थे। वह छोटू ...

रँगरेज़ा के रंगों की थाप
द्वारा कल्पना मनोरमा
  • 499

घर में जब से स्वच्छंद विचार धारा वाली बहू ब्याहकर आई थी तब से घर की रंगत ऐसी बदली कि अपने भी अपनों को पहचानने से इनकार करने लगे ...

सितौलिया
द्वारा Amitabh Mishra
  • 477

सितौलिया वे पांच थे, बहुत कम उम्र के लड़के । सबसे बड़े कीउम्र 8 साल होगी तो सबसे छोटा सिर्फ 4 साल का ही होगा । उन पांचों की ...

रुधिचुस्तत्ता ( माँ- बाप का फर्ज)
द्वारा Madhuri Vaghasana
  • 505

ठीक है पैदा कहा होना है वो तो हमारे हाथ मे माही है रुधिचुस्तता को जितना अपनाओगे उतना आप दूसरों को ज्यादा ही दुखी करोगे। मेरा एक रिलेटिव में ...

शिकायत है ऊपर वाले से
द्वारा डिम्पल गौड़
  • 435

हुकुम सिंह ने आते ही सबसे पहले ननकी को ऊपर से नीचे तक घूरा । उसकी पैनी दृष्टि के बाण ननकी सहन नहीं कर पा रही थी। महसूस होने ...

दादा
द्वारा Shilpa Sharma
  • 372

‘‘न जाने क्यों इतना दिल पसीज जाता है तुम्हारा? ऐसे ही चलता रहा तो मदद मांगनेवालों की लाइन लग जाएगी हमारे यहां. हर किसी की समस्या सुलझाने बैठ जाते ...

जीवन अभी बाकी है...
द्वारा Shivani Verma
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"जीवन अभी बाकी है” वृद्धाश्रम में सुबह से ही काफी चहल पहल है. सभी लोग शाम को होने वाले समारोह की तयारी में जुटे है, और कुछ दिव्यांग और ...

गरीब का
द्वारा Monty Khandelwal
  • 297

रात केे 9 बज गये थे दुकान  बंद करने का समय होगया था सटर को आधा  खींच लिया था लेकिन  अभि तक  गरमा गरम मूंगफली बेचने वाला  नहीं आया ...

बुद्धि बड़ी या धन :- यशवर्धन
द्वारा YashVardhan
  • 319

महाराज रुद्र सिंह जनकपूर के राजा थे। उनके दो पुत्र थे ।बड़ा पुत्र परिमल और छोटा पुत्र हार्दिक। परिमल को धन का बड़ा घमंड था। वही हार्दिक बुध्दि को ...

एक प्रेम कहानी
द्वारा Navdeep
  • 282

ये कहानी कॉलेजिएट स्कूल के लड़के की  है। वे लड़का बोहात ही सुंदर और स्मार्ट  और टैलेंटेड वी होता था ।उस लड़के  का स्कूल में पहला दिन था।और उस ...

पहला तनख्बाहा
द्वारा Chinmayee
  • 309

गर्मी के सहिना, गर्म हावा से थोडा राहात पाने के लिये,रानी कि मामा हर शाम को घरको अनंधेरा करके खिड़की को खुला छोड देते थे, इस उमिद मे कि ...

भूख
द्वारा Kumar Kishan Kirti
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"अरे मोहन बेटा, यह क्या कर रहे हो?"प्रोफेसर डॉ०विनय शर्मा अपने पाँच साल के बेटे को देखकर थोड़ा गुस्से के साथ पूछ बैठे,दरअसल उनका पाँच साल का बेटा मोहन ...

अनकही
द्वारा Ashish Saxena
  • 359

" हेलो अक्षय " "क्या हाल हैं ? इतने दिनों बाद कैसे याद आ गयी |" अक्षय ने फ़ोन उठाते ही पूछा  . "ठीक हूँ , क्या तुम्हे याद ...