नाटक कहानियाँ पढ़े और PDF में डाउनलोड करे

Stories and books have been a fundamental part of human culture since the dawn of civilization, acting as a powerful tool for communication, education, and entertainment. Whether told around a campfire, written in ancient texts, or shared through modern media, Drama in hindi books and stories have the unique ability to transcend time and space, connecting people across generations and cultures. Th...Read More


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  • अजनबी - 2

    ऑटो उनके सामने आकर रुका…ड्राइवर ने अजीब नज़रों से दोनों को देखा —Driver बोला - क...

  • पवित्र प्रेम या अभिशाप ? - 6

    रात अब भी गहरी थी…कमरे में हल्की सी रोशनी थी, और बाहर हवा अब शांत हो चुकी थी। सि...

  • Honted Jobplace - 11

    ऑफिस — सीनियर्स के केबिन के अंदर। तीनों सीनियर्स ज़मीन पर बेहोश पड़े हैं। बाकी क...

MTNL की घंटी - 18 By kalpita

महक जैसे ही हॉल में दाखिल हुई, हल्की-सी हलचल हुई। कई लोगों ने उसकी ओर देखा — उसकी सादगी, उसकी मुस्कुराहट और उसके चेहरे की वो शांत चमक जैसे सबको कुछ पल ठहरने पर मजबूर कर रही थी।हाल...

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मौत से भागती दुल्हन - 12 By Sonam Brijwasi

मैदान में चारों तरफ अफरा-तफरी मची हुई थी…धूल, चीखें और गोलियों की गूंज के बीच लड़ाई अपने चरम पर थी।━━━━━━━━━━━━━━━और तभी—धाँय!!!एक तेज़ गोली की आवाज़ आई। पूरा माहौल एक सेकंड के लिए...

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अजनबी - 2 By Sonam Brijwasi

ऑटो उनके सामने आकर रुका…ड्राइवर ने अजीब नज़रों से दोनों को देखा —Driver बोला - क्या हुआ मैडम? ऐसे क्यों देख रही हो?दोनों जैसे अचानक होश में आईं…रिद्धि ने आंखें मिचमिचाकर फिर से देख...

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अनकहा जुनूँ - 3 By Priya Chaudhary

(साउंड: घड़ी की टिक-टिक की आवाज़, जो धीरे-धीरे दिल की धड़कन में बदल जाती है। बाहर बारिश की धीमी फुहारें)नरेटर: रात के चार बज रहे थे। बियर अपनी खिड़की के पास बैठा, बाहर उस साये को घूर...

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50 दिन का सन्नाटा - एपिसोड 12 By Priya Chaudhary

(अदालत का भारी दरवाजा खुलने की गूंज। कमरे में वकीलों की कानाफूसी और जजों के हथौड़े (Gavel) की ठक-ठक की आवाज़। आर्यन के जूतों की आवाज़ जो अब बहुत धीमी और स्थिर है।)अदालत का वह कमरा...

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धर्म की परिभाषा वेदांत 2.0 By Vedanta Life Agyat Agyani

वेदांत 2.0 – प्रस्तावना (Preface)मैं देह से मनीष कुमार हूँ, पर इस ग्रंथ में "अज्ञात अज्ञानी" के नाम से लिख रहा हूँ। यह नाम केवल छद्म नहीं, एक घोषणा है: यहाँ जो शब्द, सूत्र और विचार...

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माफिया कि दुल्हनिया - भाग 3 By Mamta Sahani

अपने कमरे में खिड़की के पास खड़ी थी।बाहर हल्की बारिश हो रही थी… लेकिन उसके अंदर जैसे तूफान चल रहा था।“रिश्ता…”उसके कानों में बस यही शब्द गूंज रहा था।पापा नीचे बैठकर बड़े उत्साह से...

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पवित्र प्रेम या अभिशाप ? - 6 By Sonam Brijwasi

रात अब भी गहरी थी…कमरे में हल्की सी रोशनी थी, और बाहर हवा अब शांत हो चुकी थी। सिद्धिका धीरे-धीरे आगे बढ़ी…और बिना कुछ बोले…उसने अपना सिर कृष्णा के सीने पर रख दिया।कुछ पल के लिए सब...

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Honted Jobplace - 11 By Sonam Brijwasi

ऑफिस — सीनियर्स के केबिन के अंदर। तीनों सीनियर्स ज़मीन पर बेहोश पड़े हैं। बाकी कर्मचारी दरवाज़े के बाहर खड़े डरे हुए देख रहे हैं। कृषांत धीरे से श्राव्या के कंधे पकड़कर उसे झकझोरता...

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रोशनी जिंदगी की कैसी कशमकश By RAAHULL SHARMA

उत्तर प्रदेश के छोटे से गांव मेहनूपुर की मिट्टी की खुशबू कहानीकहानी की शुरुआत: मेहनूपुर की गलियांमेहनूपुर एक ऐसा गांव है जहां सूरज की पहली किरण के साथ ही हल की आवाजें गूँजने लगती ह...

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फुटपाथिया - 2 By Dr. Suryapal Singh

अंक दो (थाने के अन्दर का मैदान। एक मेज़ और दो कुर्सियाँ रखी हैं। वापट खुश होकर चहलकदमी करता है। मेज़ पर फाइल रखी है।)बापट- मिल गया चोर। दूसरे किसी को क्यों नहीं मिला? बापट सभी कैसे ह...

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आशिकी.....अब तुम ही हो। - 12 By vaishnavi Shukla

अध्याय: 12दृश्य: सनाया का घर,आशुतोष तेज कदमों से सीढ़ियां चढ़ते हुए सनाया के कमरे के सामने पहुंचता है। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था ।आशुतोष:(कमरे के दरवाजे के सामने खड़े होकर) सना...

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​अरेंज मैरिज का संदूक By sukhvinder Singh Rai

**एपिसोड: बदलते रंग**कहा जाता है कि प्रेम विवाह (लव मैरिज) में इंसान जो रोता है, वह शादी से पहले रो लेता है। लेकिन अरेंज मैरिज एक ऐसा बंद संदूक है, जिसे खोलने के बाद अगर किस्मत दगा...

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दरवाज़ा खुला था, पर उड़ने की हिम्मत मर चुकी थी - 4 By Praveen Kumrawat

जब अपना ही दिमाग दुश्मन बन जाए: OCD का चक्रव्यूहमानव जीवन में सबसे सुरक्षित स्थान उसका अपना मन माना जाता है। जब दुनिया विरोध में खड़ी हो, तब भी इंसान अपने विचारों में शरण ढूँढ़ लेत...

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तनुदा का अपहरण - 1 By Dr. Suryapal Singh

 (तनु का कमरा। एक मेज़ और चार कुर्सियाँ। मेज़ पर एक साधारण मेज़पोश। उस पर कुछ पत्रिकाएँ एवं फाइलें, कमरे के कोने में पानी से भरा एक घड़ा है। घड़ा परई से ढका है। परई के ऊपर एक गिलास औंधा...

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नशा - 2 By Dr. Suryapal Singh

नागरिक- पंडित जी मैं लोटा तो नहीं खरीदता मगर आप मार नहीं सकते । लोटा आपको ले जाना चाहिए। इसके छू लेने से लोटा नापाक नहीं हो गया। दर्शक बन्धु ठीक कह रहा हूँ।त्रिवेणीनाथ- दर्शकों से...

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दो पतियों की लाडली पत्नी - 28 By Sonam Brijwasi

रात के 2 बजे। बाहर तेज़ हवा चल रही है। घर में गहरा सन्नाटा है।श्रेया अचानक घबरा कर उठ बैठती है। चेहरे पर पसीना… साँस तेज़-तेज़ चल रही है।श्रेया (रोते हुए, काँपती आवाज़ में) बोली - ...

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उन्हें नींद नहीं आती-3 By Dr. Suryapal Singh

अंक- 3 (स्थान वही, कटियार एक कुर्सी पर ऊँघ रहा है। मटरू दौड़ता हुआ आता है।)मटरू- सरकार? (मटरू थर-थर काँपता है। एक बार दौड़कर अन्दर झाँककर) सरकार? (कटियार के चारो ओर चक्कर लगाकर) सरका...

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इस घर में प्यार मना है - 37 By Sonam Brijwasi

घर का लिविंग रूम…संशिका और अंशिका अब थोड़ी बड़ी हो गई थीं…दोनों भाग-दौड़ मचा रही थीं कार्तिक उन्हें पकड़ने की कोशिश कर रहा था —कार्तिक बोला - अरे मेरी परियों… इधर आओ!दोनों एक साथ...

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इश्क़ का इलाका - 3 By Aarushi Singh Rajput

पटना।बिहार की राजधानी।उस रात शहर के सबसे बड़े बैंक्वेट हॉल में शादी थी।सिन्हा जी की बेटी की शादी।पुराने नेता। बड़ा नाम। इसलिए शादी में नेता, अफसर, बिज़नेसमैन — सब आए हुए थे। बाहर म...

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गीत गाने दो मुझे - 3 By Dr. Suryapal Singh

अंक तीन (निराला का वही घर । ओसारा जर्जर हो चुका है। तख्ते पर रजाई बिछी है। तकिए की जगह ईट रखी है। दीवाल के निकट ही पानी से भरा घड़ा रखा है। घड़ा एक कुल्हड़ से ढका है। दीवाल के सहारे प...

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अकथ - भाग 5 By silent script

अवनि की आँखें अचानक खुल गईं। वह इतनी हैरान थी कि उसका दिमाग सुन्न पड़ गया था। उसे समझ नहीं आ रहा था कि वह इस बात से राहत महसूस करे कि उस मासूम बच्चे की मौत की वजह वह खुद नहीं थी, य...

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MTNL की घंटी - 18 By kalpita

महक जैसे ही हॉल में दाखिल हुई, हल्की-सी हलचल हुई। कई लोगों ने उसकी ओर देखा — उसकी सादगी, उसकी मुस्कुराहट और उसके चेहरे की वो शांत चमक जैसे सबको कुछ पल ठहरने पर मजबूर कर रही थी।हाल...

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मौत से भागती दुल्हन - 12 By Sonam Brijwasi

मैदान में चारों तरफ अफरा-तफरी मची हुई थी…धूल, चीखें और गोलियों की गूंज के बीच लड़ाई अपने चरम पर थी।━━━━━━━━━━━━━━━और तभी—धाँय!!!एक तेज़ गोली की आवाज़ आई। पूरा माहौल एक सेकंड के लिए...

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अजनबी - 2 By Sonam Brijwasi

ऑटो उनके सामने आकर रुका…ड्राइवर ने अजीब नज़रों से दोनों को देखा —Driver बोला - क्या हुआ मैडम? ऐसे क्यों देख रही हो?दोनों जैसे अचानक होश में आईं…रिद्धि ने आंखें मिचमिचाकर फिर से देख...

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(साउंड: घड़ी की टिक-टिक की आवाज़, जो धीरे-धीरे दिल की धड़कन में बदल जाती है। बाहर बारिश की धीमी फुहारें)नरेटर: रात के चार बज रहे थे। बियर अपनी खिड़की के पास बैठा, बाहर उस साये को घूर...

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50 दिन का सन्नाटा - एपिसोड 12 By Priya Chaudhary

(अदालत का भारी दरवाजा खुलने की गूंज। कमरे में वकीलों की कानाफूसी और जजों के हथौड़े (Gavel) की ठक-ठक की आवाज़। आर्यन के जूतों की आवाज़ जो अब बहुत धीमी और स्थिर है।)अदालत का वह कमरा...

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माफिया कि दुल्हनिया - भाग 3 By Mamta Sahani

अपने कमरे में खिड़की के पास खड़ी थी।बाहर हल्की बारिश हो रही थी… लेकिन उसके अंदर जैसे तूफान चल रहा था।“रिश्ता…”उसके कानों में बस यही शब्द गूंज रहा था।पापा नीचे बैठकर बड़े उत्साह से...

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पवित्र प्रेम या अभिशाप ? - 6 By Sonam Brijwasi

रात अब भी गहरी थी…कमरे में हल्की सी रोशनी थी, और बाहर हवा अब शांत हो चुकी थी। सिद्धिका धीरे-धीरे आगे बढ़ी…और बिना कुछ बोले…उसने अपना सिर कृष्णा के सीने पर रख दिया।कुछ पल के लिए सब...

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उत्तर प्रदेश के छोटे से गांव मेहनूपुर की मिट्टी की खुशबू कहानीकहानी की शुरुआत: मेहनूपुर की गलियांमेहनूपुर एक ऐसा गांव है जहां सूरज की पहली किरण के साथ ही हल की आवाजें गूँजने लगती ह...

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​अरेंज मैरिज का संदूक By sukhvinder Singh Rai

**एपिसोड: बदलते रंग**कहा जाता है कि प्रेम विवाह (लव मैरिज) में इंसान जो रोता है, वह शादी से पहले रो लेता है। लेकिन अरेंज मैरिज एक ऐसा बंद संदूक है, जिसे खोलने के बाद अगर किस्मत दगा...

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अकथ - भाग 5 By silent script

अवनि की आँखें अचानक खुल गईं। वह इतनी हैरान थी कि उसका दिमाग सुन्न पड़ गया था। उसे समझ नहीं आ रहा था कि वह इस बात से राहत महसूस करे कि उस मासूम बच्चे की मौत की वजह वह खुद नहीं थी, य...

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