सर्वश्रेष्ठ उपन्यास प्रकरण कहानियाँ पढ़ें और PDF में डाउनलोड करें

2 MAD PART 3
द्वारा VARUN S. PATEL
  • 88

         नमस्कार दोस्तों आज फिरसे आपके बिच हाजिर हुं दो पागल का तीसरा अंक लेकर लेकिन आप यह अंक पढे इससे पहले आगे के दो अंक ...

अणु और मनु - भाग-13
द्वारा Anil Sainger
  • 74

गौरव कुणाल के घर की बेल बजाता है | कुणाल की माँ दरवाज़ा खोलती हैं | गौरव पाँव छू कर बोला “आंटी कुणाल घर पर है” | वह मुस्कुरा ...

जलती जवानी चलता भिखारी (उपन्यास) - 22
द्वारा Bhupendra Dongriyal
  • 142

                             (22)            धनीराम के जाने के बाद मन्जू ने रवि को इस बात की जानकारी देने ...

नई चेतना - 21
द्वारा राज कुमार कांदु
  • 132

बाबा के अधरों पर एक अनोखी मुस्कुराहट तैर गयी । रहस्यमय मुस्कान के साथ धीरे से बोला ” अभी मेरे पास इतना समय नहीं है । और भी इतने ...

भदूकड़ा - 46
द्वारा vandana A dubey
  • 352

एक गहरी राहत की सांस ली सुमित्रा जी ने। जानकी को कोई बीमारी न निकल आये, वे यही मना रही थीं बस। अगर उसने अपने बचाव के लिए बब्बा ...

कर्म पथ पर - 46
द्वारा Ashish Kumar Trivedi
  • 120

                        कर्म पथ पर                      Chapter 46भुवनदा की प्रेस मोहनलाल गंज ...

प्रेम - दर्द की खाई (भाग -1)
द्वारा प्रवीण बसोतिया
  • 178

,                             बचपन के आँसूमैं आठ वर्ष की थी जब मेरे बाबा बीमार पड़ गए वे काम नहीं काम कर पाते थे ।क्योंकि वह चल नही पाते थे। और में ...

बंधन जन्मोका - 3
द्वारा Dr.Bhatt Damaynti H.
  • 150

 बंधन जन्मोका - प्रकरण 3 ( पुनर्जन्म की कहानी... प्रकरण -2 में हमने देखा कि सोना के साथ हुई दुर्घटना के बाद सोना और सूरज एक-दूसरे के करीब आ ...

अणु और मनु - भाग-12
द्वारा Anil Sainger
  • 116

कुणाल कैंटीन में चक्कर लगा कर वापिस बाहर आकर खड़ा हो जाता है | वैशाली कुणाल को बाहर खड़ा देख कर मुस्कुराते हुए बोली “कुणाल क्या बात है आज ...

कर्म पथ पर - 45
द्वारा Ashish Kumar Trivedi
  • 164

                        कर्म पथ पर                       Chapter 45हैमिल्टन का धैर्य ...

स्वप्न सुंदरी
द्वारा Achlesh Singh
  • 242

अलार्म लगातार बज रहा था। अलार्म की आवाज से मेरी नींद टूटी। आंखे खोलने पर भी कुछ देर तक मुझे कुछ समझ नहीं आया कि मैं कहा हूं। छत ...

मानसिक रोग - 1
द्वारा Priya Saini
  • (13)
  • 246

प्रकृति का अद्भूत नियम है, "जिसनें जन्म लिया है उसकी मृत्यु निश्चित है"। कहा जाता है कि इंसान हो या जानवर, "पैदा होने से पहले उसकी मृत्यु निश्चित कर ...

चिंटु - 37 - अंतिम भाग
द्वारा V Dhruva
  • 332

सुमति के दिल पर किसी ने वजन रख दिया हो ऐसे सांस फूलने लगती है। वह उठकर किचन में चली जाती है। पुनिश भी उसके पीछे गया। सुमति को ...

तलाश.. एक औरत कि अस्तित्व की - 3
द्वारा RICHA AGARWAL
  • 314

सुहानी आज सुबह जल्दी उठ गयी थी । दरअसल पेपर की चिंता में उसे रात भर नींद ही कहाँ आयी थी । जल्दी से तैयार होकर उसने घर के ...

प्रेम दो दिलो का - 12 - अतिम भाग
द्वारा VANDANA SINGH
  • 192

यह बात राजा को बरदास ही नही हुई और वह फिर से  वही करने लगा जो पहले करता था । उसने एक रोज छोटी बच्ची और नीरू को जान ...

जलती जवानी चलता भिखारी (उपन्यास) - 21
द्वारा Bhupendra Dongriyal
  • 182

                            ( 21)              रवि के बड़े भाई ने पूणे जाते समय उसे भविष्य के प्रति ...

कर्म पथ पर - 44
द्वारा Ashish Kumar Trivedi
  • 142

                   कर्म पथ पर                 Chapter 44इंद्र श्यामलाल के बुलाने पर उनके बंगले पर पहुँचा ...

अणु और मनु - भाग-11
द्वारा Anil Sainger
  • 90

गौरव, रीना के इशारा करने पर सोसाइटी के गेट के पास ही सड़क के किनारे कार रोक देता है | कार को रुकते देख रीना बोली “मैंने कार रोकने ...

आजादी - 6
द्वारा राज कुमार कांदु
  • 106

राहुल ने कई बाल्टी पानी लाकर भोजनालय के सामने रखा पानी का बड़ा ड्रम भर दिया । अब तक तक कई खेप पानी लाने के कारण राहुल बेहद थक ...

तीन औरतों का घर -1
द्वारा Rajni Gosain
  • 522

  "गली के कोने में हरे सफ़ेद रंग की मटमैली सी सफेदी लिए जो मकान हैं, वो देखिये  जिसके आँगन में ईंट गारे की बनी दीवार से बाहर झांकता ...

तानाबाना - 4
द्वारा Sneh Goswami
  • 228

  तानाबाना  4   उस लङकी के इस तरह लापता हो जाने पर चार दिन तो उसकी चर्चा रही फिर उसे सपने की तरह भुला दिया गया । इस ...

भदूकड़ा - 45
द्वारा vandana A dubey
  • (11)
  • 444

"हे मोरी शारदा मैया, जानकी खों ठीक कर दियो" अपने आप ही कुंती के मुंह से ये दुआ निकली और हाथ स्वतः ही जुड़ गए प्रार्थना में। ये प्रार्थना ...

2 MAD PART 2
द्वारा VARUN S. PATEL
  • 216

        हेल्लो दोस्तो केसे हो आप लोग । अगर आपने इस कहानी का अगला अंक नहीं पढा है तो पहले उस अंक को पढलो ताकी आपको ...

नैना का बदला. - 1
द्वारा Vandan Patel
  • 344

यह कहानी नैना के बारे मे है।यह कहानी पूरी तरह से काल्पनिक है। नैना के बाबा के गुजरने के बाद वो बुरे हालातो से गुजरती है। नैना को अपने ...

अणु और मनु - भाग-10
द्वारा Anil Sainger
  • 126

अक्षित तालियों के बीच मंच पर लगे माइक को ठीक करते हुए बोला “दोस्तों आपने काफी रोचक विषयों पर यहाँ आये प्रसिद्ध विचारकों से उनके विचार सुनें | मुझे ...

जलती जवानी चलता भिखारी (उपन्यास) - 20
द्वारा Bhupendra Dongriyal
  • 302

                                 (20)            मन्जू और रवि के प्रेम पत्र लगातार चल रहे थे । ...

भदूकड़ा - 44
द्वारा vandana A dubey
  • (11)
  • 552

रात दस बजे के आस पास सुमित्रा जी सपरिवार ग्वालियर पहुंच गईं। जानकी और किशोर के जाने के बाद कुंती बैठका में ही निढाल हो बड़े दादाजी की आराम ...

नई चेतना - 20
द्वारा राज कुमार कांदु
  • 178

इधर बीरपुर में लाला धनीराम का मजबूत ह्रदय भी अपने पुत्र अमर की जुदाई का गम सहते हुए कमजोर हो गया था । पल पल उन्हें अमर की कमी ...

प्रेम दो दिलो का - 11
द्वारा VANDANA SINGH
  • 278

नीरू ये समझती थी कि हमारा निर्मल से दूर रहना ही उचित है लेकिन राजा अपनी हरकतो से बाज नही आ रहा था ।उसका रोज नीरू को गाली देना ...

कर्म पथ पर - 43
द्वारा Ashish Kumar Trivedi
  • 192

                          कर्म पथ पर                        Chapter 43  हिंद प्रभात ...