तभी इन दोनो को खुसर - फुसर करता दैखकर कोमल कहती है --
कोमल :- क्या खुसर - फुसर चल रही है तुम दोनो की , मैने यहां उपर बुलाया है , एक दम उपर जाने को नही कहा । जल्दी आओ , मुझे और भी काम है ।
पि के रुद्रा को हल्का धक्का देता है और कहता है --
पि के :- जा ना , क्या पता तेरा भी इसी मंडप मे इसी लड़की के साथ तेरा भी ही शादी हो जाए ।
रुद्रा धिरे - धिरे कोमल के पिछे - पिछे चलने लगता है , कोमल रुद्रा को लेकर अपने कमरे की और जा रही थी ।
रुद्रा कोमल के पिछे तो जा रहा था पर उसके मन मे एक घबराहट था , रुद्रा मन ही मन सोचता है --
" ये लड़की कौन है और मुझे कहां लेकर जा रही है , यहां पर तो कोई भी दिखाई नही दे रहा है , कही ये मेरो साथ .... नही नही ऐसा ये थोड़ी ना करेगी , यो तो बहुत खुबसूरत है , मैं भी ना क्या - क्या सौचने लगा । "
रुद्रा इतना सौच ही रहा था के तभी कोमल एक कमरे मे घुस जाती है , रुद्रा कोमल को कमरे मे घुसते दैख कर घबरा जाता है और बाहर ही रुकजाता है और मन ही मन सौचता है -
" ये मुझे कमरे मे क्यों लेकर जा रही है , नही नही चाहे कुछ भी हो जाए मैं अंदर नही जाऊगां । ये बहुत खुबसूरत लड़की है ये कुछ भी कर सकती है । "
कोमल रुद्रा की और मुस्कुराकर दैख रही थी , कोमल की मुस्कान मे ओक अजीब सा शरारत थी । रुद्रा ंन े सौचता है --
" ये ऐसे क्यों मुस्कुरा रही है ? "
तभी कोमल कहती है --
कोमल :- पंडित जी आप बाहर क्यों रुक गए ,अंदर आईए ना ?
रुद्रा :- नही ... हम अंदर नही आएगें ।
कोमल प्यार से कहती है --
कोमल :- क्यों , अंदर आने मे क्या है ?
रुद्रा :- व...वो तुम अ... अकेली हो इसिलिए मुझे अंदर जाना सही नही लग रहा है ।
कोमल :- क्या , आप एक लड़की से डर रहे हो , कैसे पंडित हो आप ।
इतना बोलकर कोमल रुद्रा को पकड़कर कमरे के अंदर खिंच लेती है और दरवाजा अंदर से बंद कर देती है ।
दरवाजा बंद होते ही रुद्रा घबरा जाता है और घबराते हूए मन ही मन कहता है ---
" ये इसने दरवाजा क्यों बंद कर दिया , कही ये मेरा ... नही - नही ऐसा नही हो सकता , हे प्रभु बचा लेना ।"
तभी कोमल रुद्रा की और प्यार से दैखती है और अपनी साड़ी को कमर से साईड कर लेती है ताकी रुद्रा को उसकी खुबसूरत पेट और कमर दिखे ।
रुद्रा कोमल की कमर को दैखकर उसते बदन मे सिहरन सा होने लगा था , एक तो कोमल इतनी खुबसूरत थी और फिर ये सब दैखकर रुद्रा बहकने लगा था , रुद्रा को माथे पर पसीना की बूदें आने लगा था ।
तब कोमल रुद्रा के करिब जाती है तो रुद्रा फिर मन मे कहता है --
" ये मेरे पास क्यों आ रही है ? "
तभी रुद्रा अपना कदम पिछे करने लगता है और कोमल उसके करीब जाने लगता है । कोमल मन मे सौचती है --
कोमल :- हम्म, ये लड़का तो सही है , सरिफ भी लग रहा है , मैने इसे इतना ललचाया पर ये नही पिघला । लड़का सरिफ है , इसे एक बार और ट्राय करती हूँ ।
इतना बोलकर कोमल रुद्रा के और पास जाने लगती है , अब रुद्रा दिवार पर टिक गया था और पिछे जाने का रास्ता नही था । कोमल रुद्रा की और बड़े जा रही थी , कोमल अब रुद्रा के बहुत करिब थी , रुद्रा की घबराहट के कारण पसीने से भिंग चुका था ।
रुद्रा कोमल से कहता है --
रुद्रा :- दैखिए देवी जी , कृपा करते मूझे यहां से जाने दे , मैं बहुत सरीफ लड़का हूँ और अभी तक कुवांरा हूँ । और मैं ये अपने पत्नि के लिए रखा हूँ । तो आप कृपा करके मुझे जाने दें ।
कोमल नशीले अंदाज मे रुद्रा से कहती है ---
कोमल :- तो क्या हूआ के तुम कुवांरे हो । दैखो यहां पर कोई नही है और कोई आएगा भी नही , और फिर मेरे जैसी खुबसूरत लड़की फिर कहां मिलोगी ?
रुद्रा कोलम के सामने से दुर आ जाता है और कहता है --
रुद्रा :- सच कहा आपने देवी जी , आप बहोत खुबसूरत हो , इतना के कोई भी आपकी खुबसूरती के वष मे हो जाए , पर मुझे माफ करना देवी जी , मुझे नही पता आप कौन हो और क्यों कर रहे हो । पर मुझे माफ कर दिजिए और कृपा करके मुझे जाने दे ।
रुद्रा के स्वभाव और इमानदारी से कोमल बहुत प्रभावित होती है , रुद्रा का निर्मल स्वभाव और जिस तरह से उसने कोमल से अपनी आंखे निचे करके हाथ जोड़कर बाते की , कोमल को दिल को छु गया । कोमल रुद्रा को प्यार से दैखती है और मन मे कहती है --
कोमल :- कोमल मिल गया तुझे तेरा लाईफ पार्टनर , अब मैं शादी करुगी तो इसिसे । कितना हेंडसम है ।
कोमल रुद्रा से कहती है --
कोमल :- ठिक है , मैं तुम्हें जाने देती हूँ । वैसे भी मैं तुम्हें चेक कर रही थी ।
कोमल से इतना सुनकर रुद्रा हैरान हो जाता है और कहता है --
रुद्रा :- क्या ...? चेक कर रही थी , पर क्या ?
कोमल :- यही के जो मेरा शादी कराने के लिए आया है तो इंसान ठिक है या नही , कही वो हवसी तो नही है , बस यही चेक करना था , कुम पास हो गए । अब तुम मेरी शादी करा सकते हो ।
रुद्रा कोमल की बात को सुनकर हैरान था और सबसे हैरान वो इसिलिए था क्योकी वही मंत्री की बेटी कोमल थी ।
रुद्रा घबराते हूए कहता है --
रुद्रा :- तो तुम ही हो जिसकी शादी होने वाली है ।
कोमल :- हां ..
रुद्रा :- नही मतलब तुम ही , मंत्री जी की बेटी कोमल हो ?
कोमल: - अरे एक बार बोला ना हां ।
रुद्रा :- क्या कोमल जी आप भी ना , आपने तो मुझे डरा ही दिया था ।
कोमल: - पर तुम नही डरे । मुझे तुम्हारा स्वभाव बहुत अच्छा लगा । तुम्हारे जगह कोई और होता तो शायद वो पिघल जाता ।
रुद्रा :- हालत खराब तो मेरी भी हो गई थी कोमल जी ।
रुद्रा कोमल से कहता है --
रुद्रा :- हालत खराब तो मेरी भी हो गई थी कोमल जी ।
कोमल हसते हूए कहती है --
कोमल :- अच्छा पर क्यों , पर मुझे तो नही लगा । के तुम्हारा हालत खराब हो रही है ।
रुद्रा :- आप हो ही इतनी खुबसूरत के आपको दैखकर कोई भी पिघल जाए ।
कोमल :- पर तुम क्यों नही पिघले ?
रुद्रा :- क्योकी मैं अपना सब कुछ अपनी पत्नी के रखा हूँ ।
कोमल :- कोई Girlfriend है ?
रुद्रा :- नही जी ।
कोमल :- शादी फिक्स हो गया है क्या ?
रुद्रा :- नही , अभी कोई लड़की मिली ही नही है ।
रुद्रा से इतना सुनकर कोमल खुश हो जाती है और झट से कहती है --
कोमल :- बहोत अच्छा है ।
रुद्रा कोमल के बात पर चोंक जाता है और कहता है --
रुद्रा :- अच्छी बात क्यों है , कोमल जी ?
कोमल :- पहले तो ये के अब से तुम मुझे कोमल जी नही , कोमल कह कर बुलाओगे । और दुसरी बात ये है के अच्छी बात जो है वो तुम्हें जल्द ही पता चल जाएगी ।
पर उससे पहले एक बात बताओ , किसी से प्यार करते हो ?
रुद्रा :- नही जी , ऐसा कुछ भी नही है , पर आप ये सब क्यों पूछ रहे हो ?
कोमल :- जल्दी पता चल जाएगी पंडित जी । पर आपसे मिलकर अच्छा लगा , आप तो बहुत हेंडसम हो ।
इतना बोलकर कोमल रुद्रा के गाल पर एक किस कर देती है , रुद्रा को कोमल के किस करने उसके पुरे बदन मे करेंट सा दौड़ जाता है , फिर कोमल दरवाजा खोल देती है , रुद्रा हैरानी से कोमल की और दैखता है , कोमल की आंखो मे अब रुद्रा के लिए एक अलग ही प्यार और रेस्पेक्ट थी और एक मुस्कान भी ।
रुद्रा के गाल पर कोमस के लिपस्टिक का निशान आ जाता है , रुद्रा किस कारण एक अलग ही सोच के साथ वहां से चला जाता है और कोमल खुश होकर कहती है --
कोमल :- अच्छी बात ये है पंडित जी के मुझे तो अब बहाना के लिए एक लड़का भी मिल गया और तुमसे प्यार भी हो गया । बस अब उस समय का वेट किजिये पंडित जी , जब सबके सामने मैं तुमको प्रपोज करुगी ।
कोमल एक मुस्कान देती है और कहती है --
कोमल :- मेरे सामने तुम्हारा ये हाल था तो जब सबको सच बताउगी तो तुम्हारा क्या हाल होगा ।
रुद्रा वहां से सिधा पि के के पास चला जाता है , पि के रुद्रा का बेसब्री से अंतजार कर कहा था , रुद्रा तो दैथकर पि के रुद्रा के पास जाता है और उत्सुकता से पूछता है --
पि के :- रुद्रा ... आ.... गया तु , क....क्या बोली उस लड़.....की ने ?
रुद्रा चुप होकर और पि के के बात को अनसुना करते हए धिरे - धीरे चले जा रहा था । पि के फ्र कहता है --
पि के :- अरे मैं तु....झसे कुछ पूछ र...रहा हूँ । और तु है के कहां ख...खोया है ।
To be continue.....