क्या राज़ है... Sohail द्वारा थ्रिलर में हिंदी पीडीएफ

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क्या राज़ है...

रामपुर का हर एक इंसान नियति को इंसाफ दिलाना चाहता है । हर कोई नियति के लिए लड़ना चाहता है । नियति की मौत का बदला लेना चाहता है । प्रगति विद्यालय की शिक्षिका नियति की 3 जून 2020 की रात 12 बजे बे रेहमी से हत्या कि गई । नियति का केस इन्स्पेक्टर करणवीर सिंह को सौंपा गया । करणवीर ने नियति की हत्या कि तहकीकात शुरू की । लेकिन करणवीर के लिए सबसे बड़ा सवाल ये था आखिर नायती रात के 12 बजे प्रगति विद्यालय गई क्यों थी ?
वो जानता था इस सवाल का जवाब उसे नियति के परिवार से ही मिलेगा । सच का पता लगाने के लिए करणवीर नियति के घर पहोंचा । लेकिन वहा पहोंच कर जो पता चला उसने एक और सवाल करणवीर के सामने खड़ा कर दिया । नियति के परिवार में उसकी आई "लीला " उसके बाबा "लक्ष्मण राव" और छोटी बहिन " शिवानी " थे । लेकिन जब करणवीर नीयती के घर पहोंचा तो उसे पता चला शिवानी घर से भाग गई है । शिवानी आखिर घर छोड़ के क्यों गई थी । क्या नियति की हत्या में शिवानी का हाथ था । लेकिन शिवानी अपनी ही बहेन को क्यों मारेगी । और अगर शिवानी ने कुछ नहीं किया था तो वो घर से भागी क्यों थी?
करणवीर और उसकी टीम दिन रात एक कर शिवानी को धुंड रहे थे। शिवानी की लोकेशन को ट्राक किया जा रहा था ।अब तक शिवानी का कोई पता नहीं चल पाया था । और ना ही नियति की पोस्ट मॉर्टम रिपोर्ट अब तक करणवीर तक पहोंची थी । कुछ दिन बाद शिवानी को मुंबई में देखा गया । करणवीर को जब पता चला वो रापमुर से मुंबई के लिए निकाल गया । करणवीर मुंबई पहोंच चुका था और साथ ही शिवानी का पता भी चल गया था । करणवीर कृष्णा लॉज पहुंचा लेकिन उसके पहोंचने से पहले शिवानी वहा से जा चुकी थी । करणवीर ने लॉज में पूछताछ की तो पता चला शिवानी के साथ कोई और भी था वो दोनो दो दिन से एक साथ रह रहे थे ।

शिवानी पुलिस से बच नहीं पायी । पुलिस ने शिवानी को मुंबई के हाजी आली दरगाह पे देखा । उसकी वक़्त करणवीर हाजी अली दरगाह पहोंचा । शिवानी एक आदमी के साथ वहां बैठी हुई थी उसने पुलिस को जब देखा वो दोनो भाग निकले लेकिन इन्स्पेक्टर करणवीर ने उन्हें पकड़ लिया । करणवीर उन दोनो को रामपुर पुलिस स्टेशन ले आया और दोनो से पूछताछ करना शुरू किया ।

करणवीर : ये आदमी कोन है तुम्हारे साथ जवाब दो और झूठ बोलने की कोशिश मत करना ?
शिवानी : ये राघव है में इससे प्यार करती हूं और बहुत जल्द शादी करने वाली हूं
करणवीर : तुम राघव से प्यार करती थी ये तुम्हारी बाहेन नियति को पता चल गया था । इसलिए राघव और तुम दोनों ने मिलकर नियति को मार दिया और यहां से भाग गए । सही कहा ना मैने।
शिवानी : मैने नियति दी को नहीं मारा । हा नीयती दी को पता चल गया था में और राघव एक दूसरे से प्यार करते है वो पापा को बताने वाली थी।
राघव : हम डर गए थे इसलिए हम भाग गए लेकिन हमने नियति को नहीं मारा।
शिवानी: जब हमें पता चला कि नियति दी कि हत्या हो गई है हम और डर गए और हम मुंबई आ गए।

करणवीर के लिए सच का पता लगाना बहुत मुश्किल हो गया था । शिवानी और राघव कुछ बोलने को तैयार नहीं थे । नियति की पोस्ट मारटम रिपोर्ट करणवीर के पास पहुंच गई थी । उस रिपोर्ट में जो पता चला उसने करणवीर की परेशानी को और बड़ा दिया । नियति की सिर्फ हत्या नहीं हुई थी उसका रेप हुआ था । ..........


ये खबर रामपुर में आग की तरह फ़ैल गई । लेकिन कोई था जो नियति को इंसाफ दिलाना चाहता था । उसकी मौत का बदला लेना चाहता था । उसके अंदर भी अब बदले कि आग लग चुकी थी ।