कैसा ये इश्क़ है.... - (75) Apoorva Singh द्वारा उपन्यास प्रकरण में हिंदी पीडीएफ

कैसा ये इश्क़ है.... - (75)

Apoorva Singh मातृभारती सत्यापित द्वारा हिंदी उपन्यास प्रकरण

अर्पिता ने शान की ओर देखा।शान ने अपनी पलके झपका कर अर्पिता को आश्वासन दिया सब ठीक होगा मैं हूँ न।शान के मौन को समझ अर्पिता बोली 'जी हमे पता है शान आप हैं लेकिन मन भय से घबरा ...और पढ़े

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