एक ठंडी रात में, एक व्यक्ति सुनसान सड़क पर बच्ची की आवाज सुनकर चौंकता है। वह देखता है कि एक छोटा लड़का, सूरज, सब्जी बेच रहा है। सूरज बताता है कि उसकी रेहड़ी उठा ली गई है और वह अपने भाई के बारे में पूछने पर बताता है कि उसका भाई नहीं रहा। सूरज की बात सुनकर व्यक्ति हैरान रह जाता है और उसे पता चलता है कि उसके भाई का निधन हो गया है। सूरज बताता है कि उनके पास किराया देने के पैसे नहीं थे और उनके मालिक ने उन पर अत्याचार किया। यह सुनकर व्यक्ति दुखी हो जाता है और समाज की बेरुखी पर विचार करता है। दोहरी मार Dr Narendra Shukl द्वारा हिंदी लघुकथा 3.7k 1.8k Downloads 6.4k Views Writen by Dr Narendra Shukl Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण आलू है । गोभी है । प्याज़ है । ‘ रात के करीब आठ बजे कड़कती ठंड में सुनसान - सी पड़ी सड़क के एक कोने में किसी बच्चे की आवाज़ सनकर मैं चैंका ! शायद , कोई नया सब्ज़ी वाला है । सड़क पर आकर देखा , दूर - दूर तक घना कोहरा छाया हआ था । कुछ दिखाई नहीं दे रहा था । सोचा , होगा कोई । तुम्हें क्या । चल कर रज़ाई में दुबक जाना चाहिये । लेकिन , जैसे ही जाने को हुआ , ‘आलू है । गोभी है । प्याज़ है । ‘ इस More Likes This उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar यादो की सहेलगाह - रंजन कुमार देसाई (1) द्वारा Ramesh Desai मां... हमारे अस्तित्व की पहचान - 3 द्वारा Soni shakya शनिवार की शपथ द्वारा Dhaval Chauhan अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी