दीपांश पिछले कुछ दिनों से रेबेका के फोन का इंतज़ार कर रहा था, लेकिन उसे कोई खबर नहीं मिली थी। दिल्ली की सर्दी और अकेलापन उसे बोझिल लग रहा था। उसने सोचा कि रेबेका ने इति का पता बताकर अपनी जिंदगी को खतरे में डाल दिया है। जब रेबेका का फोन नहीं आया, तो दीपांश ने उसे फोन किया, लेकिन फोन बंद था। दीपांश ने रेबेका के कमरे तक पहुंचने की कोशिश की, लेकिन उसे मकान का नंबर याद नहीं आ रहा था। एक दुकानदार से पूछने पर उसे पता चला कि रेबेका के कमरे पर कुछ झगड़ा हुआ था और वह उसके बाद नहीं दिखी। दीपांश ने तुरंत उस घर की ओर बढ़ा दिया, लेकिन दरवाजा पीटने पर कोई जवाब नहीं मिला। एक अधेड़ महिला ने उसे बताया कि रेबेका वहां नहीं थी और अगर वह तीन दिन में नहीं लौटती, तो वह दूसरा किराएदार रख लेगी। दीपांश ने इसके बाद अनंत के कमरे की ओर बढ़ा दिया, जहां वह थका हुआ और हताश लौटा। दीपांश की चिंता बढ़ती जा रही थी कि कहीं रेबेका को कोई नुकसान न हुआ हो। डॉमनिक की वापसी - 29 Vivek Mishra द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 1.6k 2.5k Downloads 7.2k Views Writen by Vivek Mishra Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण पिछले दो तीन दिन से दिल्ली में सर्दी बहुत बढ़ गई थी. अकेले आदमी के लिए इस मौसम की उदास शामें और लम्बी रातें कितनी बोझिल होती हैं यह दीपांश ने इन दिनों बहुत शिद्दत के साथ महसूस किया था. तीन दिन से ऊपर हो गए थे पर रेबेका का कोई फोन नहीं आया था. जैसे बिना कहे ही कोई मिलने का क़रार था... जिसके चलते बार-बार उसे फोन करने को मन कर रहा था. लग रहा था- इति का पता बता कर रेबेका ने अपनी जिंदगी खतरे में डाली थी.. क्या इसकी कीमत अब रेबेका को चुकानी पड़ेगी... जब उसका कोई फोन नहीं आया तो दीपांश ने ही उसे फोन किया. फोन बंद था... सुबह जैसे सब्र का बांध टूट गया. Novels डॉमनिक की वापसी वो गर्मियों की एक ऐसी रात थी जिसमें देर तक पढ़ते रहने के बाद, मैं ये सोच के लेटा था कि सुबह देर तक सोता रहूँगा। पर एन उस वक़्त जब नींद सपने जैसी किसी ची... More Likes This चांद तुम्हे मुबारक - 1 द्वारा Chetan Malade Devil की दास्तान - 32 द्वारा Sonam Brijwasi सुरमई रात, रेड वाइन और तुम द्वारा Mayur Chaudhary समाज और प्यार का द्वंद - भाग 1 द्वारा Krishna singh दो धड़कनें, एक वादा - 1 द्वारा priyanshi bhuva रूह की धुन और जमी बर्फ पर घुलती रात द्वारा sukhvinder Singh Rai वो लड़की जो याद नहीं थी - 1 द्वारा priyanshi bhuva अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी