कहानी "सबरीना" में सुशांत और प्रोफेसर तारीकबी के बीच एक संवाद होता है, जिसमें वे उज्बेकिस्तान के शहरों की खामोशी और संस्कृति पर चर्चा करते हैं। सुशांत को ड्राइवर की तेज़ गाड़ी चलाने और शहर की उदासी महसूस होती है। प्रोफेसर तारीकबी शहर की जीवंतता के बारे में बताते हैं, जबकि सबरीना शहर की रात में जागने की आदत की बात करती हैं। सुशांत, भारत की संस्कृति के महत्व को बताते हुए, सबरीना के शब्दों का विरोध करते हैं, जिससे एक तनाव पैदा होता है। सबरीना भावुक होकर कहती हैं कि उन्होंने भारतीय इतिहास का अध्ययन किया है। प्रोफेसर तारीकबी चर्चा को मोड़ते हुए उज्बेकिस्तान की हालात पर चिंता व्यक्त करते हैं, जहां महिलाएं नाइट-लाइफ के नाम पर शोषण का शिकार हो रही हैं। यह संवाद उज्बेकिस्तान की सामाजिक स्थिति और भारत की सांस्कृतिक विरासत के बीच की तुलना को उजागर करता है, जिसमें दोनों पात्रों की भिन्न दृष्टिकोण और भावनाएं सामने आती हैं। सबरीना - 5 Dr Shushil Upadhyay द्वारा हिंदी महिला विशेष 6.4k 4.3k Downloads 9.6k Views Writen by Dr Shushil Upadhyay Category महिला विशेष पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण सुशांत को लग रहा था कि ड्राइवर जरूरत से ज्यादा तेज गाड़ी चला रहा है। ताशंकद की सड़कें काफी चैड़ी और शांत लग रही थीं। सड़क के किनारों पर बर्फ की मोटी तह मौजूद थी। लेकिन सड़क के बीच में गाड़ियों ने बर्फ को रौंदने में कोई कमी नहीं छोड़ी थी। किनारे के भवन काफी ऊंचे थे और वे उदास लग रहे थे। भवनों का डिजाइन एकरसता पैदा कर रहा था। उन्हें देखकर ऐसा नहीं लग रहा था कि किसी भी तरह से उज्बेक कल्चर का कोई संकेत दे रहे हों। सड़क के दोनों ओर के पेड़ बर्फ से लदे थे। फल आने पर झुक जाने का पेड़ों का अनुभव अब उनके काम आ रहा था। भारत में ऐसी सूनी सड़के देखना आमतौर से संभव नहीं होता। सुशांत ने पूछा- Novels सबरीना होटल टाशकेंट के बाहर चारों तरफ बर्फ फैली हुई थी। सामने के पार्क में मरियल धूप का एक टुकड़ा बर्फ से लड़ने की कोशिश कर रहा था। सुशांत अभी ऊंघ रहा था। तय न... More Likes This डबल गेम: मर्यादा वर्सेस मक्कारी - 1 द्वारा Jyoti Prajapati दो पतियों की लाडली पत्नी - 7 द्वारा Sonam Brijwasi लाल दाग़ - 1 द्वारा ARTI MEENA मेरे दूल्हे को मरना होगा - अध्याय 1: निर्वस्त्र द्वारा Varun इस घर में प्यार मना है - 6 द्वारा Sonam Brijwasi चंदेला - 3 द्वारा Raj Phulware फूल की किस्मत - 1 द्वारा KANKSHA VASNIK अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी