कहानी "झूठी औरत" में एक व्यक्ति है जो बैन्ड्रा से अंधेरी जाने के लिए ट्रेन में सवार होता है। वह सोचता है कि उसे अगले स्टेशन पर उतरना है, इसलिए वह ट्रेन के गेट पर खड़ा हो जाता है ताकि हवा से उसके बाल उड़ें। तभी उसे एक महिला की गाने की आवाज सुनाई देती है। वह आवाज सेकंड क्लास के डिब्बे से आ रही थी, जहाँ भीड़ थी। वह महिला गा रही थी और अपने हाथों में दो छोटे पत्थरों को बजा रही थी। उसकी आवाज़ "महलों की रानी, दु:ख से बेगानी" जैसे बोलों के साथ थी। व्यक्ति उसकी आवाज़ को पहचानने की कोशिश करता है और उसके गाने का आनंद लेने लगता है। महिला फिर से गाना शुरू करती है और वह उसके गाने में खो जाता है। कहानी में हवा, गाने की आवाज़ और किरदार की भावनाओं के माध्यम से एक खूबसूरत दृश्य प्रस्तुत किया गया है। झूठी औरत Qais Jaunpuri द्वारा हिंदी लघुकथा 18k 3.4k Downloads 27.7k Views Writen by Qais Jaunpuri Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण उसने उस औरत की हालत देखी और अब वो उसके गाने के बोल का मतलब निकालने लगा. अब औरत गाये जा रही है और वो उसके एक–एक लफ़्ज़ का मतलब निकाल रहा है. महलों की रानी... इसी पे वो बार-बार अटक जा रहा था. वो औरत कहीं से भी महलों की रानी नहीं लग रही थी. वो तो भीख माँग रही थी. दु:ख से बेगानी.... दु:ख दु:ख से बेगानी उसकी ज़िन्दगी में तो दु:ख ही दु:ख है. लग जाए ना धूप तुझे... धूप 31 मई 2015 की चिलचिलाती गर्मी में धूप के अलावा और क्या लगेगा धूप लगे है छाँव मुझे…. एकदम सरेआम झूठ बोल रही हो… धूप से तुम्हारा चेहरा काला पड़ गया है. और कहती हो धूप लगे है छाँव मुझे… काँटों से हो जाए, पाँव ना घायल… सिर्फ़ पाँव तुम्हारे तो हर पोर-पोर में काँटें ही काँटें चुभे हैं. काँटों पे नाचूँगी, बाँध के मैं पायल… तरस आता है मुझे तुम पर और तुम्हारी हालत पर. अपनी शकल देखो! भूख से इस तरह बिलबिला रही हो कि कोई एक नोट दे दे तो शायद नोट ही न खा जाओ. हँह्ह…!!! बड़ी आयी काँटों पे पायल बाँध के नाचने वाली…!!! More Likes This कहानी में छुपी एक सन्देश - 1 द्वारा Std Maurya मेरे समाज में ऐसा क्यों होता हैं - भाग 1 द्वारा Std Maurya ऐसे ही क्यों होता हैं? - 1 द्वारा Std Maurya एक डिवोर्स ऐसा भी - 1 द्वारा Alka Aggarwal पहली मुलाक़ात - 1 द्वारा puja नेहरू फाइल्स - भूल-113 द्वारा Rachel Abraham हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी