तेरे मेरे दरमियान - 103 CHIRANJIT TEWARY द्वारा प्रेम कथाएँ में हिंदी पीडीएफ

Featured Books
श्रेणी
शेयर करे

तेरे मेरे दरमियान - 103

जानवी की बात को सुनकर शमिका कहती है --

शमिका: - हां जानवी ... क्यों नही , तुम दोनो एक हो जाओ इससे बड़ी खुशी और क्या हो सकती है , मैं उसका पता जरुर लगाउगी । मैं उसके घर जाउगीं और विद्युत अंकल से उसके बारे मे पुछुगीं । तुम चिंता मत करो , तुम मुझे अपना नम्बर दे दो ।

जानवी शमिका को अपना नम्बर दे देती है और कहती है --

जानवी :- तुम मुझे पक्का आदित्य का पता करके दोगी ना ?

शमिका :- हां ... बिल्कुल ।

जानवी :- मुझे ऊी तुम्हारी नम्बर दे दो ।

शमिका जानवी को अपना नम्बर दे देती है । जानवी शमिका का नम्बर सेव करती है और उससे पूछती है --

जानवी :- तुम्हारा नाम क्या है ?

शमिका: - शमिका. .. मेरा नाम शमिका है और ये है मेरा मंगेतर विकी ।

जानवी को ये सुनकर अजीब लगा के विकी शमिका का मंगेतर है । जानवी विकी की और दैखती है विकी समझ जाता है के जानवी अब उससे जरुर मोनिका के बारे मे पुछेगी , इसिलिए विकी शमिका से कहता है --

विकी :- शमिका .. अब हम चले ? दैर भी हो रही है और हम तो अकेले मे टाईम स्पेंड करने आए है ना ।

शमिका :- हां .. तुमसे मिलकर अच्छा लगा जानवी और सबसे ज्यादा 
खुशी इस बात का है के तुम्हें भी आदित्य से प्यार है । अच्छा अब मैं चलती हूँ ।

तभी जानवी झट से कहती है --

जानवी :- विकी ... मोनिका कहां है ? क्या तुम्हारा उससे ब्रेकअप हो गया ?

जानवी से मोनिका के बारे मे सुनकर शमिका चोंक जाती है और विकी घबरा जाता है । जानवी के सवाल का विकी के पास जवाब तो था पर वो इस समय देना नही चाहता था । तभी शमिका विकी की और दैखकर कहती है --

शमिका :- मोनिका ...? विकी ये वही मोनिका है ना ?

विकी घबराकर जाब देता है --

विकी :- हां ... ये उसी मोनिका के बारे मे बात कर रही है ।

शमिका :- पर जानवी को मोनिका के बारे मे कैसे पता ?

विकी कुछ कहता तभी जानवी कहती है --

जानवी :- विकी तो मोनिका से शादी करने वाला था । दोनो हर जगह पर एक साथ जाते थे । पर विकी ... तुमने मोनिका को छोड़ा क्यों और शमिका ... तुम विकी से कब मिली ?

शमिका जानवी के बात पर हैरान थी , शमिका जानवी सी बात पर जवाब देकर कहती है --

शमिका: - मैं और विकी तो पिछले पाँच सालो से साथ मे है । पर तुम ये कैसे बोल सकती हो के मोनिका और विकी एक साथ थे ।

तभी विकी कहता है --

विकी :- शमिका तुम क्यों जानवी के बातो पर ध्यान दे रही हो, इसका तो याददाश्त ही चली गई है तो इसे कैसे पता होगा को मेरे साथ मोनिका थी या नही ।

शमिका: - अगर जानवी की याददाश्त चली गई है तो इसो मोनिका का नाम कैसे पता और ये तुम्हें दैखकर पहचान कैसे गई । विकी तुम जरुर मुझसे कुछ छुपा रहे हो ?

 शमिका के बात पर विकी फस चुका था , उसके पास विकी के सवालों का कोई जवाब नही था । तभी शमिका जानवी से पूछती है --

शमिका :- जानवी ... तुम और क्या जानती हो विकी और मोनिका के बारे मे ?

जानवी :- मुझे तो बस इतना ही पता है के ये दोनो हर जगह एक साथ रहते थे और जल्द ही शादी करने वाले थे । 

जानवी कुछ दैर सोचती है और कहती है--

जानवी :- अच्छा. .. तो तुम शमिका को धोका दे रहे हो और मोनिका के पेट मे कही तुम्हारा ही बच्चा तो नही है ?

जानवी से इतना सुनकर विकी घबरा गया था , विकी झट से कहता है --

विकी :- ये क्या बकवास कर रही हो तुम जानवी , तुम्हें अच्छे सो पता है के तुम्हारी याददाश्त जा चुकी है , फिर भी तुम बिना सोचे समझे कुछ भी बोल रही हो । तुम्हें पता है के तुम्हारे ऐसा कहने पर मेरे और शमिका के रिश्ते पर क्या असर पड़ेगा ?

शमिका जानवी से मोनिका की प्रेग्नेंसी के बारे मे सुनकर हैरान थी और मन ही मन सौचती है --

शमिका ( मन मे ) :- जानवी को ये कैसे पता है को मोनिका प्रेग्नेंट है , कही मोनिका सच मे विकी को बच्चे की मां तो नही बनने वाली है , क्योंकि मैने विकी को फोन पर रिपोर्ट बदलने का मेसेज भी दैखा था । मुझे पता लगाना होगा । आखिर विकी मुझसे कुछ तो छुपा रहा है ।

तभी जानवी कहती है --

जानवी :- विकी मुझे पुरा याद है के तुम और मोनिका एक साथ थे ।

जानवी शमिका की और दैखकर कहती है --

जानवी :- शमिका. . ये तुमसे झुट बोल रहा है , यो मोनिका की तरह तुम्हें भी धोका दे रहा है । 

जानवी के बातो पर शमिका परेशान हो जाती है और विकी डर जाता है तभी जानवी शमिका को भरोसा दिलाने को लिए कहती है --

जानवी :- ठिक है , जब तुम्हें पता चलेगा के यो विकी धोकेबाज है तब ... शमिका क्यों ये बात मोनिका से ही पूछा जाए ?

जानवी के बात पर विकी परेशान हो जाता है और मन ही मन सौचता है --

विकी ( मन ही मन ) :- ये जानवी क्या करने जा रही है , अगर ये जानवी शमिका को मोनिका के पास लेकर गई तो कही वो मोनिका इसो सब सच बता ना दे । मुझे कुछ करना होगा ताकी शमिका को जानवी पर भरोसा ना हो ।

विकी इतना सौच ही रहा था के तभी शमिका कहती है --

शमिका: - ठिक है जानवी, अब हम सिधे मोनिका के घर तक ही जाऐंगों । और सच का पता लगा कर ही रहोगें ।

विकी :- पर शमिका ... तुम भी ना , किसकी बातो पर भरोसा कर रही हो ?

शमिका :- विकी .. आज सुबह भी मैने दैखा के तुम्हारे फोन पर रिपोर्ट बदलने की बात हो रही है । इसिलिए मुझे जानवी से बातो पप भरोसा करके , मुझे मोनिका के पास जाना ही होगा । अब वही सब सच बता सकती है ।

विकी :- शमिका ....

शमिका विकी की बात को काटते हूए कहती है --

शमिका :- विकी .. अगर तुमने कुछ नही किया है तो तुम डर क्यों रहे हो ? मैं तुम्हें झुटा साबित करने के लिए मोनिका से नही मिलूगीं , मैं तो जानवी की बात गलत है ये साबित करना चाहती हूँ ।
शमिका ने बहुत ही चालाकी से विकी की बात को काट दिया , अब विकी के पास कोई और बहाना नही था । विकी मन ही मन सोचता है --

विकी ( मन ही मन ) :- ये जानवी ने सब कुछ बर्बाद कर दिया , अब पता नही आगे क्या होगा । 

विकी जानवी से कहता है --

विकी :- जानवी तुम जानती हो के तुम्हें सब कुछ सही से याद नही है । पर फिर भी तुमने झुट बोलकर मेरे और शमिका के बिच एक शक का माहोल पैदा कर दिया ।

जानवी :- मैने कोई माहोल पैदा किया है , जो सच है मैने वही बताया है । शमिका तुम्हे पता है मोनिका… प्रेग्नेंट है। और वो कोर्ट में आदित्य का नाम ले रही है।

शमिका चौंक जाती है।

शमिका: - क्या आदित्य ? पर तुम तो कह रही हो के मोनिका और विकी रिलेशनशिप मे था ? पहले आदित्य और मोनिका रिलेशनशिप मे थे ये मुझे पता है। पर इसका विकी का क्या मतलब ?

जानवी गहरी साँस लेती है और कहती है --

जानवी: - मतलब है… क्योंकि सच कुछ और है। और वो सच… विकी से जुड़ा है।

विकी का चेहरा एकदम सख्त हो जाता है।

विकी (गुस्से में): - बस करो जानवी! तुम बकवास कर रही हो।

जानवी: - अगर ये बकवास है… तो फिर तुम इतने घबराए हुए क्यों हो?

विकी कुछ पल चुप हो जाता है।

जानवी धीरे-धीरे सब बताने लगती है —

जानवी: - मोनिका और विकी एक दूसरे को पहले से जानते हैं। उन दोनों के बीच रिश्ता था… और वही रिश्ता आज इस मुसीबत की वजह है। पर मुझे एक बात समझ मे नही आ रही है के मोनिका आदित्य का नाम क्यों ले रही है ?

शमिका की आँखों में अविश्वास और दर्द उतर आता है।

शमिका (धीरे): - जानवी… तुम क्या कहना चाहती हो?

जानवी सीधे उसकी आँखों में देखकर कहती है —

जानवी :- मैं ये कहना चाहती हूँ… कि मोनिका के बच्चे का असली बाप आदित्य नहीं… विकी है।

ये सुनकर जैसे समय रुक जाता है। शमिका धीरे-धीरे विकी की तरफ देखती है। उसकी आँखों में सवाल था… और दिल में डर।

तभी शमिका कहती है --

शमिका: - विकी… ये सच है?

विकी के पास जवाब नहीं था । उसके माथे पर पसीना आ जाता है।

विकी: - शमिका… ये सब झूठ है। तुम ही सोचो जरा , कोई मेरे बच्चे को किसी दुसरे का क्यों बताएगा ? ये अजीब नही लग रहा है , को मोनिका के पेट मे मेरा बच्चा है पर मोनिका कोर्ट मे उसे आदित्य का बता रही है , ऐसा कैसे हो सकता है । क्या कोई लड़की ऐसा कर सकती है और रही बात आदित्य की तो मोनिका और आदित्य पहले भी एक साथ थे । जब जानवी आदित्य से अलग हुई है तब हो सकता है वो दोनो फिर से एक हो गया है । जानवी को किसी ने भड़का दिया है। पता नही जानवी ऐसी बाते क्यों कर रही है ।

लेकिन इस बार शमिका तुरंत भरोसा नहीं करती क्योंकी उसने सुबह विकी के फोन पर वो रिपोर्ट बदलने वाली मेसेज दैखी थी । वह शांत लेकिन ठंडी आवाज़ में कहती है —

जानवी :- अगर ये झूठ है… तो साबित करो।

To be continue.....974