एपिसोड 10: बच्चे का बाप?डॉक्टर का फोन अभी भी अनन्या के हाथ में था। "प्रेग्नेंसी कन्फर्म। 4 हफ्ते का।" अनन्या की आँखें चमक उठीं – खुशी, डर, उम्मीद का मिश्रण। आर्यन को बताया, वो कूद पड़ा, गले लगा लिया। "हमारा बच्चा! कॉन्ट्रैक्ट से कहीं आगे।" लेकिन गार्ड का मैसेज ने सब उड़ा दिया – विक्रम जेल से: "DNA रिपोर्ट देखो। बच्चे का बाप मैं हूँ। अनन्या की पुरानी वीडियो प्रूफ।" लिंक खोला। फर्जी रिपोर्ट – अनन्या का फोटोशॉप्ड वीडियो, विक्रम संग। "झूठ!" अनन्या चिल्लाई। आर्यन का चेहरा सख्त। "DNA टेस्ट कराएँगे। सच्चाई चाहिए।" अनन्या रो पड़ी, "शक करोगे? हमारी पहली रात के बाद... सिर्फ तुम!" आर्यन ने गले लगाया, लेकिन आँखों में संदेह। "विक्रम हार नहीं माना। टेस्ट से क्लियर।" अनन्या टूट गई। प्यार में पहली दरार – बच्चे का सवाल।सुबह प्राइवेट हॉस्पिटल। डॉक्टर ने अल्ट्रासाउंड किया। "सब नॉर्मल। बेबी हेल्दी।" अनन्या मुस्कुराई, पेट पर हाथ रखा। आर्यन बाहर इंतज़ार। DNA सैंपल लिए गए – अनन्या का ब्लड, विक्रम का जेल से। रिपोर्ट 48 घंटे में। लौटते वक्त अनन्या बोली, "आर्यन, भरोसा रखना। हमारा है।" आर्यन ने हाथ थामा, "रखूँगा। लेकिन दुनिया पूछेगी।" घर पहुँचे तो मीडिया घेरा। "प्रेग्नेंट? विक्रम का?" अनन्या ने सिर झुका लिया। आर्यन ने धकेला, "झूठा प्रोपगैंडा!" अंदर बंद हुए। अनन्या कमरे में लेटी, रोती रही। "बच्चा महसूस कर रही हूँ... तुम्हारा।" आर्यन ने चाय दी, "सॉरी। टेंशन मत ले।" लेकिन मन भारी।दोपहर अंकित की वकील आई। "अंकित को बेल मिली। लेकिन शर्त – अनन्या का स्टेटमेंट। प्रेग्नेंसी न्यूज़ फैली तो केस कमजोर।" अनन्या तैयार। लेकिन फोन बजा – राकेश जेल से। "दीदी, विक्रम सच कह रहा। तू उसके साथ थी 2 महीने पहले। पार्टी में।" झूठा कन्फेशन। अनन्या गुस्से में, "चुप रहो!" आर्यन सुन रहा था। शक गहरा। शाम को झगड़ा। "क्यों मिली विक्रम से?" अनन्या चिल्लाई, "नहीं मिली! तुम्हारी एक्स काव्या ने भी झूठ बोला था। अब ये?" आर्यन ने दीवार मारी, "सच बोलो अनन्या! बच्चा मेरा हो तो ठीक।" अनन्या रोई, "टेस्ट का इंतज़ार करो। लेकिन अगर शक रहा तो... तलाक।" आर्यन चला गया स्टडी में। रात भर नींद न आई। अनन्या पेट सहलाती रही – "बाबू, पापा को राज़ पता चलेगा।"अगली सुबह रिपोर्ट आई। लिफाफा खोला आर्यन। अनन्या काँपती खड़ी। "99.9% मैच। मेरा बच्चा!" आर्यन ने गले लगा लिया। "सॉरी अनन्या! कभी शक न करूँगा।" खुशी के आँसू। किस लंबा। "नाम रखेंगे आरजुन – दोनों भाइयों की याद में।" अनन्या हँसी। लेकिन जश्न अधूरा। विक्रम का वकील आया। "मेरा क्लाइंट्ट बेल पर। DNA चैलेंज करेगा। कोर्ट में।" नया संकट। आर्यन ने मीटिंग बुलाई – वकील, सिक्योरिटी। "बचाव तैयार।" अनन्या बोली, "मैं गवाही दूँगी।" आर्यन ने रोका, "खतरनाक। प्रेग्नेंट हो।" अनन्या जिद पर अड़ी। "हमारा बच्चा, हमारी लड़ाई।"शाम को रोमांटिक मोमेंट। गंगा घाट फिर। आर्यन ने आइसक्रीम खिलाई। "याद है पहली डेट?" अनन्या सिर हिलाया। "अब फैमिली बन गए।" हाथ पेट पर। "किक महसूस हो रही।" आर्यन कान लगाया। हँसी। लेकिन फोन – गार्ड: "बॉस, विक्रम के आदमी हॉस्पिटल में। डॉक्टर को धमकी। रिपोर्ट चेंज करने को।" आर्यन गुस्से में। घर लौटे। प्लान: फर्जी रिपोर्ट ट्रैप। रात को हमला। 5 गुंडे घुसे। अनन्या सेफ रूम में। आर्यन ने CCTV से देखा। खुद बाहर। मुक्केबाजी शुरू। एक को पकड़ा – "कौन भेजा?" गुंडा: "विक्रम! बच्चा उसका ही है। अनन्या ने कन्फेस किया।" झूठ। आर्यन ने पीटा। पुलिस आई। लेकिन विक्रम का लाइव: "DNA फर्जी! कोर्ट में प्रूफ। अनन्या का पुराना प्रेमी मैं।"अनन्या ने सुना। रो पड़ी। "क्यों ये जाल?" आर्यन ने गले लगाया। "कोर्ट जीतेंगे। तू रानी है हमारी।" रात बिताई साथ। प्यार गहरा। लेकिन सुबह न्यूज़: "विक्रम का बम्सhell – अनन्या से शादी का राज़। बच्चा अवैध!" कोर्ट डेट फिक्स। क्या फैमिली बचेगी?(अगला एपिसोड: कोर्ट का फैसला? इंतजार करो!)