The Author Anurag Basu फॉलो Current Read कोल्ड ब्लडेड मर्डर - 1 By Anurag Basu हिंदी क्राइम कहानी Share Facebook Twitter Whatsapp Featured Books मोन से महाकाल तक काव्य संग्रह: मौन से महाकाल तक* *डॉ वंदना शर्मा**समर्पण* म... तुमसे मोहब्बत है - 6 सुबह की हल्की धूप अभी पूरी तरह फैली भी नहीं थी किवाणी नींद स... भूतिया कुआ देखने का सफर - भाग 2 जैसे-जैसे हम उस वीरान और भुतहा गांव 'काला खोह' के अं... अधूरी खुशियों का सफर गाँव के किनारे एक पुराना पीपल का पेड़ था। उसकी जड़ों के पास... 50 दिन का सन्नाटा - एपिसोड 4 (साउंड इफेक्ट: कालकोठरी की जंजीरों की झंकार और हवेली के अंदर... श्रेणी लघुकथा आध्यात्मिक कथा फिक्शन कहानी प्रेरक कथा क्लासिक कहानियां बाल कथाएँ हास्य कथाएं पत्रिका कविता यात्रा विशेष महिला विशेष नाटक प्रेम कथाएँ जासूसी कहानी सामाजिक कहानियां रोमांचक कहानियाँ मानवीय विज्ञान मनोविज्ञान स्वास्थ्य जीवनी पकाने की विधि पत्र डरावनी कहानी फिल्म समीक्षा पौराणिक कथा पुस्तक समीक्षाएं थ्रिलर कल्पित-विज्ञान व्यापार खेल जानवरों ज्योतिष शास्त्र विज्ञान कुछ भी क्राइम कहानी उपन्यास Anurag Basu द्वारा हिंदी जासूसी कहानी कुल प्रकरण : 5 शेयर करे कोल्ड ब्लडेड मर्डर - 1 (20.6k) 13k 26.9k 3 *ये स्टोरी पूर्णत: काल्पनिक है।यदि किसी के साथ मैच होता है तो यह सिर्फ एक संजोग ही होगा।मेरा किसी का दिल दुखने का कोई आशय नही है!*********** अहमदाबाद की hifi society हैं वहा एक सुंदर सा परिवार रहेता है।यह कहानी एक हैंडसम और वैल सैटेड एक रोहन नाम के लड़के की है।रोहन नेछोटी सी उम्र में ही अपने पापा को किसी बीमारी के चलते खो दिया था।तब वो मुस्कील से पांच साल का ही था!अचानक से कामिनी देवी पर बिजनेस की और तीन बच्चो को जिम्मेदारी आ पड़ी थी।फिर भी बच्चों के सामने देख कर मायूस न होते हुए ,अपने आप को संभाला था। कामिनी देवी ने काफी मेहनत से अपने पति करन का बिजनेस संभाल लिया था...और बडे ही प्यार से तीनों बच्चों को जिम्मेदारी भी उठाकर ,सब को किसी चीज की कमी न हो उसका ख्याल रखके बड़ा किया था।वैसेे तो वो भी कम उम्र में पति के चले जाने से काफी टूट गई थी।पर फिर बच्चो के सामने देखकर , छोटी सी उमर में पति को को देने के बाद भी हिम्मत नही हारी थी।कामिनी देवी ने काफी मेहनत से और प्यार से तीनों बच्चों को बड़ा किया था।और बिजनेस भी अच्छे से संभाला था।अकेली होने के बावजूद कभी बच्चो को कोई बात की कमी नही होने दी थी।तीनो को अच्छे से पढ़ाया था।और संस्कार भी काफी अच्छे दिए थे।बड़े ही लाड प्यार से बड़ा किया था सब को।अब रोहन के परिवार में एक माता कामिनी देवी , भाई किशन , भाभी कुमुद ,उनकी छोटी सी प्यारी सी...३ साल की परी नन्ही, और एक छोटी बहन रंजना थे।रोहन काफी खुशमिजाज लड़का था।भाई किशन ने अच्छी पढ़ाई करके job करना पसंद किया था । भाभी गृहिणी थी और बहन रंजना १२वी में थी।रोहन ने छोटी सी उम्र में भी बिजनेस को संभालना पसंद किया था।और काफी अच्छी सफलता भी business में प्राप्त कर ली थी। वह कालेज के सेकंड ईयर में पढ़ाई के साथ साथ बिजनेस भी संभाल रहा था।परिवार में सभी मिलजुलकर बड़े ही प्यार से रहते थे।सभी एक दूसरे का ख्याल रखते थे।कभी कोई बात एक दूसरे से छुपाते नही थे।और रोहन तो सब का लाडला था।सब busy होने के बावजूद शाम के डिनर के बाद,एक साथ बैठ कर पूरे दिन की सारी बाते शेयर करते थे।यह देख कामिनी देवी को अपने परिवार पर और अपने परवरिस पर काफी नाज रहता था।पर कहते है ना ,हर अच्छी चीज को सब से बचा के रखना चाहिए नही तो कभी कभी किसी की नजर लग जाती है।😒ऐसे ही एक दम से इस परिवार को भी जैसे किसी की बुरी नजर लग गई।😟बिजनेस के किसी काम से , उस दिन रोहन बाहर गया था।और रोहन के बड़े भाई किशन की उस दिन छुट्टी थी तो वो ,उसकी बीवी कुमुद , माता कामिनी देवी और उनकी बहन रंजना सब एक साथ बैठ कर बाते कर रहे थे।तभी अचानक से रंजना के मोबाइल की रिंग बजी।रंजना ने देखा ,कोई unknown number था।so उसने ज्यादा ध्यान नहीं दिया।*किसका था ये कॉल।क्या कोई ज़रूरी कॉल था??...क्या हुआ आगे .. जानेंगे हम कोल्ड ब्लडेड मर्डर पार्ट २ में....*i › अगला प्रकरण कोल्ड ब्लडेड मर्डर - 2 Download Our App