राधिका अपनी माँ रुक्मणी के साथ जीवन बिताने का निर्णय लेती है और विवाह नहीं करने की सोचती है, क्योंकि वह अपनी माँ की देखभाल करना चाहती है। रुक्मणी, जो राधिका की भलाई के लिए चिंतित है, राकेश नामक एक अच्छे लड़के से राधिका के विवाह के लिए सहमत हो जाती है। राधिका और राकेश बचपन के दोस्त हैं और दोनों एक-दूसरे से प्यार करते हैं, लेकिन राधिका हमेशा अपनी माँ की देखभाल को लेकर चिंतित रहती है। एक दिन राधिका, रुक्मणी और राकेश गोवा यात्रा पर जाते हैं। वहाँ समुद्र किनारे एक खूबसूरत रात का आनंद लेते हैं। राधिका चाँद की सुंदरता से प्रभावित होती है और राकेश उसे बताता है कि वह उससे भी ज्यादा सुंदर है। दोनों के बीच की बातचीत प्रेम और रोमांस से भरी होती है। इस बीच, रुक्मणी को अपने पति भूषण की याद आती है, जो उसकी बहुत परवाह करता था। रुक्मणी ने भूषण से कहा था कि अगर उनकी बेटी हुई तो उसका नाम राधिका रखा जाएगा। कहानी माँ-बेटी के प्रेम और पारिवारिक बंधनों को दर्शाती है। radhika Ved Prakash Tyagi द्वारा हिंदी लघुकथा 70.7k 3k Downloads 8.9k Views Writen by Ved Prakash Tyagi Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण apne pariwar ko chhod kar videsh ki chakachaundh me kho jane wale logo ke liye ek sabak More Likes This लोकतंत्र की ज़मीनी सच्चाई - 1 द्वारा Std Maurya दिल्ली जिमखाना क्लब द्वारा Devendra Kumar Fake Boyfriend real Feelings - 1 द्वारा Mawaskar Pratigya कॉल - 1 द्वारा sky कुछ बातें मां बाप के दिल की । - 3 द्वारा miss k पढ़ाकू द्वारा Vandna Sharma कोन्निचिवा: माय देसी लव - 1 द्वारा Kajal Soam अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी