Gyarah Amavas - 53 book and story is written by Ashish Kumar Trivedi in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Gyarah Amavas - 53 is also popular in Thriller in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. ग्यारह अमावस - 53 Ashish Kumar Trivedi द्वारा हिंदी थ्रिलर 10.6k 4.6k Downloads 8.4k Views Writen by Ashish Kumar Trivedi Category थ्रिलर पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण (53)गुरुनूर एक तंग कोठरी में कैद थी। कोठरी में हवा और रौशनी आने की व्यवस्था नहीं थी। इसके कारण कोठरी का महौल दम घोंटने वाला था। उस उमस और बदबू से भरी कोठरी में गुरुनूर एक कोने में घुटनों पर अपना सर रखकर बैठी थी। उसे बहुत उलझन हो रही थी। यह उलझन उमस और बदबू के कारण नहीं थी। यह उलझन कुछ ना कर पाने की थी। उसे पहले कहीं और कैद करके रखा गया था। वहाँ वह इस फिराक में थी कि मौका मिलते ही भाग ले। पर उसे सही मौका मिल नहीं पाया। मौका मिलता उससे पहले Novels ग्यारह अमावस हरिया ने एक नज़र जंगल में चरती अपनी भेड़ों पर डाली। सभी आराम से चर रही थीं। वह अपने खाने की पोटली लेकर चश्मे के पास चला गया। वहाँ एक पत्थर पर बैठकर उस... More Likes This जुनून - 1 द्वारा Nehal Jain धुंध के पीछे - 1 द्वारा Shaziya Khan अनंत के उस पार - 1 द्वारा Shivam Dalvadi काफला यूँ ही चलता रहा - 7 द्वारा Neeraj Sharma 1926 की अमावस की वो खौफनाक रात - 8 द्वारा RAAHULL SHARMA शापित मुहर - 1 द्वारा Fictional world Shakti ke Shiv - 8 द्वारा sheetal अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी