प्यार भी इंकार भी (अंतिम भाग) किशनलाल शर्मा द्वारा रोमांचक कहानियाँ में हिंदी पीडीएफ

प्यार भी इंकार भी (अंतिम भाग)

किशनलाल शर्मा मातृभारती सत्यापित द्वारा हिंदी रोमांचक कहानियाँ

"क्या प्यार का मतलब सिर्फ शादी ही है?"चारुलता ने प्रश्न किया था।"प्यार को सामाजिक सम्मान प्रदान करने के लिए शादी का प्रावधान है।विवाह मर्द और औरत को प्यार करने की स्वतंत्रता प्रदान करता है।"देवेन बोला था।"देवेन मै तुम्हारी बात ...और पढ़े

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