तीसरे लोग - 7 Geetanjali Chatterjee द्वारा सामाजिक कहानियां में हिंदी पीडीएफ

तीसरे लोग - 7

Geetanjali Chatterjee द्वारा हिंदी सामाजिक कहानियां

7. ट्रैन शायद किसी बड़े जंक्शन पर रुकी थी। किसना की अंतड़ियां मारे भूख और प्यास के सिकुड़ गई थी। जेब में पैसे तो थे, पर उतरने की हिम्मत और ताकत नहीं थी उसकी भीतर। बगल में बैठे सहयात्री ...और पढ़े

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