Jokar book and story is written by Vivek Mishra in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Jokar is also popular in Moral Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. जोकर Vivek Mishra द्वारा हिंदी सामाजिक कहानियां 2.1k 2.5k Downloads 13.4k Views Writen by Vivek Mishra Category सामाजिक कहानियां पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण जो क र - विवेक मिश्र फिर मेट्रो आई रुकी और चली गई. समय से घर पहुँचने का एक मौका आया,रुका और आँखों के सामने से सरकता चला गया. एक दिन, एक घंटा जल्दी जाने की मोहलत नहीं मिल सकती. नौकरी है या गुलामी. न जाने भाबू का बुखार उतरा होगा कि नहीं. कितनी बार कहा है जशोदा से, 'थोड़ा अपने आप भी निकला करो घर से, देख लो आस-पास की जगहें जिससे बखत-जरूरत जा सको बाहर.' पर हमेशा एक ही बात, 'बाहर जाते डर लगता है, शहर है या समन्दर. अकेले घर से निकलने की बात सोचते ही जी कच्चा होने More Likes This टूटता हुआ मन - भाग 1 द्वारा prem chand hembram अदृश्य त्याग अर्द्धांगिनी - 3 द्वारा archana क्या सब ठीक है - 1 द्वारा Narayan Menariya अम्मा - 1 द्वारा Nandini Agarwal Apne Kalam Sein नफ़रत वाला पति, मोहब्बत वाली ज़िंदगी - 2 द्वारा Rameshvar Gadiya When Miracles Happen - 1 द्वारा fiza saifi पर्दे के पीछे - 1 द्वारा ARTI MEENA अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी