यह कहानी एक युवा लड़के की है जो एक शादी के मौके पर विदाई की भीड़ में शामिल होता है। वह नशे में है और अपनी प्रेमिका मनसुखीया के बारे में गाली-गलौज कर रहा है। शादी का माहौल है, दुल्हन डोली में बैठी है, लेकिन लड़का उसकी शादी को लेकर नाराज है और उसे अपनी संपत्ति मानता है। जब लड़का दुल्हन के पास पहुंचता है, तो वह उसे एक खूबसूरत लड़की के रूप में देखता है, लेकिन अचानक वह देखता है कि दुल्हन के चेहरे से झाग निकल रहा है और उसके हाथ में एक जहरीली बोतल है। यह सब देखकर उसे समझ में आता है कि यह प्यार और विश्वास की एक दुखद कहानी है। कहानी अंत में कई सवाल छोड़ती है, जैसे कि क्या यही प्यार है, या यह सिर्फ एकतरफा मोहब्बत है। यह एक गहरे भावनात्मक संघर्ष को दर्शाती है, जिसमें प्यार, धोखा और निराशा का मिश्रण है। बिदाई Raje. द्वारा हिंदी लघुकथा 7.8k 2.3k Downloads 11.5k Views Writen by Raje. Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण मैने-जमाने ने भी देखा था। सुर्खलाल रंग, तेरी आँखों का, आसु अपनो से बीछडने के थे, या फिर ....... पता नही ? More Likes This मेरे समाज में ऐसा क्यों होता हैं - भाग 1 द्वारा Std Maurya ऐसे ही क्यों होता हैं? - 1 द्वारा Std Maurya एक डिवोर्स ऐसा भी - 1 द्वारा Alka Aggarwal पहली मुलाक़ात - 1 द्वारा puja नेहरू फाइल्स - भूल-113 द्वारा Rachel Abraham प्रतिघात: दिल्ली की वो शाम - 2 द्वारा Abantika हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी