कहानी "मुक्ति" में एक व्यक्ति और एक महिला के बीच संवाद पर आधारित है। महिला व्यक्ति से पूछती है कि वह जिंदा क्यों है और उसे मरने की सलाह देती है। व्यक्ति की सोच है कि महिला उससे ऊब गई है और उसकी मौजूदगी से परेशान है। महिला तर्क करती है कि महान व्यक्तियों की मृत्यु हुई है, तो वह क्यों न मरे। व्यक्ति इसका जवाब देता है कि वह अपने समय पर मर जाएगा। महिला अपनी घबराहट का कारण बताती है कि वह हमेशा व्यक्ति की मौजूदगी और गैर-मौजूदगी के बीच फंसी रहती है। व्यक्ति उसकी बातों को समझने में असमर्थ है और उसे सलाह देता है कि वह कोशिश करे। इसके बाद, महिला उससे पूछती है कि क्या उसे कभी कैद किया गया है, जिस पर व्यक्ति हंसता है और कहता है कि उसने कोई जुर्म नहीं किया। कहानी में अंततः महिला की बातों में गहराई और व्यक्ति की सोच के प्रति उसकी अनदेखी को दर्शाया गया है। मुक्ति. Pritpal Kaur द्वारा हिंदी प्रेरक कथा 7k 4.4k Downloads 13.5k Views Writen by Pritpal Kaur Category प्रेरक कथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण “तुम जिंदा क्यों हो? मर क्यों नहीं जाते? मर जाओ...” उसकी तरफ से यह सलाह अनायास नहीं आयी थी. कई दिनों से देख रहा था, वह मुझसे ऊब चली थी. मेरे साथ-साथ, कभी मुझसे आगे, कभी पीछे चलते रहने में उसे उलझन होने लगी थी. लेकिन यह तो उसकी नियति थी, मैं क्या कर सकता था? “मैं क्यों मरुँ?” और क्या कहता उस बेवकूफ से? वह चिहुंक उठी. “क्यों न मरो तुम? तुम्हारा जन्म ही मरने के लिए हुआ है. देखो न. महावीर मरे, बुध्द मरे, गांधी मरे … फिर तुम क्यों न मरो?” मैं भौंचक्का रह गया. कितनी दूर की कौड़ी लाई थी. तुलना भी की तो किनसे? More Likes This रोशनी की दस्तक - 1 द्वारा Nisha Choudhary संघर्ष अभी जारी है द्वारा Vandna Sharma AYESHA - एक अधूरी नहीं, फिर से शुरू हुई ज़िंदगी द्वारा Kaushik dave तनाव से सफलता तक का सफर - भाग 1 द्वारा Nisha Choudhary जिसकी बात सुनी नहीं गई (भाग 1) द्वारा Shivam Kumar Pandey मेरी जीवन-यात्रा: अखण्ड ज्योति का चमत्कार - 1 द्वारा Poonam Jain पिता जी - भाग 1 द्वारा Nisha Choudhary अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी