दिलकी बाते - १ Vrishali Gotkhindikar द्वारा कविता में हिंदी पीडीएफ

दिलकी बाते - १

Vrishali Gotkhindikar Verified icon द्वारा हिंदी कविता

जलवे .. जुल्फ है या कोई घना कोहरा .. घटाए शायद दे रही है पेहेरा .. आखोमे छुपे है “मंजर”कई.सारे मस्तीके दिखते है हसीन नजारे . चेहेरेकी “रौनकका क्या कहना .. मुश्कील है .देखकर खुदको सांभालना.. खुदा भी ...और पढ़े