कहानी "कहाँ गईं तुम नैना (8)" में आदित्य अपने घर लौटता है और उसे महक बाहर खड़ी मिलती है। महक उसे देखकर आश्चर्य व्यक्त करती है, लेकिन आदित्य उसे अंदर आमंत्रित करता है। दोनों के बीच बातचीत होती है, जिसमें महक आदित्य के रिश्ते के बारे में पूछती है। आदित्य बताता है कि उसकी प्रेमिका नैना दिल्ली में काम करती है और वे एक-दूसरे से मिलते रहते हैं। महक थोड़ी गंभीर होकर अपने अतीत की बात करती है। वह अपने पहले प्यार के बारे में बताती है, जिसे उसने बंधन समझा। महक का अतीत रॉबिन नामक एक लड़के से जुड़ा है, जो न्यूज़ीलैंड में एक आईटी कंपनी चला रहा था। रॉबिन का परिवार टूट चुका था और वह अकेला महसूस करता था। उसने अपने जीवन की जिम्मेदारी खुद ले ली थी और कभी भी रिश्तों में बंधना पसंद नहीं किया। कहानी में महक और आदित्य की बातचीत से उनके रिश्तों की गहराई और महक के अतीत की मुश्किलताओं का चित्रण होता है। महक की मेहनत से उसके मामा का रेस्टोरेंट न्यूज़ीलैंड में प्रसिद्ध हो गया था, और रॉबिन अक्सर वहाँ आता था। महक अपने दर्द को साझा करने के लिए आदित्य से ड्रिंक के लिए भी कहती है, जो उनकी दोस्ती और बातचीत को और गहरा करता है। कहाँ गईं तुम नैना - 8 Ashish Kumar Trivedi द्वारा हिंदी सामाजिक कहानियां 43.6k 8.4k Downloads 16.8k Views Writen by Ashish Kumar Trivedi Category सामाजिक कहानियां पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण कहाँ गईं तुम नैना (8)उस दिन आदित्य करीब आठ बजे घर पहुँचा तो पाया कि महक बाहर खड़ी उसकी प्रतीक्षा कर रही है। उसे वहाँ देख कर आदित्य को आश्चर्य हुआ। महक हंस कर बोली।"आज मैंने सोंचा कि तुम्हारे घर चल कर धावा बोला जाए। पर तुम्हारा चेहरा बयां कर रहा है कि तुम मुझे देख कर खुश नहीं।"उसकी बात सुन कर आदित्य खुद को संभालते हुए बोला।"नहीं ऐसी कोई बात नहीं है। आओ अंदर आओ।"कह कर वह दरवाज़ा खोलने के लिए आगे बढ़ गया। महक उसके पीछे पीछे अंदर आ गई। चारों Novels कहाँ गईं तुम नैना एक गलतफहमी के कारण आदित्य और नैना अलग हो गए। लेकिन यह अलगाव भी उनके प्यार को कम नहीं कर सका। इसीलिए जब आदित्य को नैना के अचानक गायब हो जाने का पता चला... More Likes This राहें - 9 द्वारा shiromani mathur एक घरवाली, चार बाहरवाली द्वारा sukhvinder Singh Rai धर्मराज की सभा - 1 द्वारा prem chand hembram खोटा सिक्का - 1 द्वारा prem chand hembram कुछ बातें मां बाप के दिल की । - 1 द्वारा miss k सूर्यकुल का सूर्यास्त - 1 द्वारा ALLA NOOR KHAN मुक्त - भाग 13 द्वारा Neeraj Sharma अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी