कहानी "महात्मा की खोज में" एक व्यक्ति की महात्मा की खोज की यात्रा पर आधारित है। कहानी की शुरुआत में, शिवा नामक पात्र एक सपने में किसी महात्मा की आवाज सुनकर जागता है, जो उसे बार-बार पुकारता है। महात्मा का कहना है कि यहाँ आने वाले सभी का नाम 'शिवा' होता है, और यह सुनकर शिवा को आश्चर्य होता है। वह हिमालय की ओर बढ़ता है, जहाँ ठंडी हवा उसे अपनी गोद में उठाकर बहने लगती है। शिवा को लगता है कि हिमालय में साधु-संतों की आवाजें सुनाई देती हैं, और वह इन महात्माओं के अद्भुत गुणों के बारे में सुन चुका है। लोग कहते हैं कि जो भी एक बार महात्मा को देख लेता है, वह बदल जाता है। हालांकि, लोग उसकी महात्मा की खोज का मजाक उड़ाते हैं, जिससे वह हताश हो जाता है। फिर भी, वह अपनी खोज में आगे बढ़ता है, अपने जीवन में हताशा को मोक्ष मानते हुए। शिवा अन्नपूर्णा की बर्फीली पहाड़ियों में घूमता है, लेकिन उसकी थकान और निराशा बढ़ती जाती है। कहानी में संकेत मिलता है कि जब मनुष्य अपनी खोज में पूरी तरह से खो जाता है, तो उसकी बुद्धि कुंद हो जाती है और वह दिशाहीन हो जाता है। अंततः, शिवा एक चुनौतीपूर्ण ढलान की ओर बढ़ता है, जहाँ उसे ध्यान केंद्रित करने की आवश्यकता होती है। यह कहानी न केवल महात्मा की खोज की है, बल्कि यह व्यक्ति की आंतरिक यात्रा और हताशा के क्षणों को भी दर्शाती है। महात्मा की खोज में (A horror story) Bhupendra kumar Dave द्वारा हिंदी लघुकथा 6k 2.5k Downloads 9k Views Writen by Bhupendra kumar Dave Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण महात्मा की खोज में(A horror story) ‘उठो शिवा, उठो’ यह आवाज सुन मैं एकदम हड़बड़ाकर उठ बैठा। मैं गहरी नींद में था और एक सपना देख रहा था। कहते हैं कि सपने अचानक टूट जाने से वे विस्मृत हो जाते हैं। मैं भी सबकुछ भूल गया। मुझे सिर्फ इतना याद आया कि सपने में कोई महात्मा मुझे पुकार रहा था, ‘उठो शिवा, उठो’। मैंनेे पूछा था कि वे मेरा नाम कैंसे जानते हैं, तो महात्मा ने कहा था, ‘यहाँ जो भी आता है, उसका नाम ‘शिवा’ ही होता है।’‘पर मेरा नाम सच में ‘शिवा’ है। मेरी माँ इसी नाम से More Likes This नेहरू फाइल्स - भूल-113 द्वारा Rachel Abraham प्रतिघात: दिल्ली की वो शाम - 2 द्वारा Abantika हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी