यह कहानी "पगडण्डी विकास" के पहले भाग की है, जिसमें मुख्य पात्र महोबा में अपने अनुभव साझा कर रहा है। वह दिल्ली की सर्दी की तुलना में महोबा की अधिक ठंड का सामना कर रहा है। महोबा में ट्रांसफर के बाद, यह उसकी पहली सर्दी है और वह रात में स्टेशन पर बैठा है। वह एक डरपोक व्यक्ति है, जो घर से बाहर निकलने में हिचकिचाता है। कहानी में यह भी बताया गया है कि उसकी पत्नी और छोटे बच्चे किशनगंज में रह रहे हैं, जबकि वह अकेला महोबा में है। उसकी पत्नी को इस स्थिति से असहजता है, लेकिन वह बिना किसी बहस के अपने पति की बात मान लेती है। वह भावुक है और अपने पति के जाने के बाद रोती रहती है, जिससे पति का दिल भी दुखता है। पति ने पत्नी को फोन पर सुरक्षित रहने की हिदायत दी है और ठंड से बचने के लिए कंबल लेने की सलाह दी। कहानी में परिवार, भावनाएं और महोबा की कड़वी सर्दी का वर्णन किया गया है। पगडण्डी विकास - 1 Pradeep Shrivastava द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 7.4k 2.9k Downloads 8.2k Views Writen by Pradeep Shrivastava Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण हाय दिल्ली की सर्दी कह कर ठंड से कुड़कुड़ाने वाले लोग अगर एक बार महोबा के रेलवे स्टेशन पर रात गुजार लें, तो निश्चित ही कहेंगे ‘हाय महोबा की सर्दी। इससे तो अच्छी है अपनी दिल्ली की सर्दी।’ महोबा स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर एक की बेंच पर बैठा मैं ठंड से कांप रहा था। दिल्ली में पांच साल रह कर मैं वहां की पांच सर्दियां झेल चुका था। किंतु इतनी ठंड मैंने वहां कभी महसूस नहीं की थी। ना ही उतना कोहरा उन पांच सालों में मैंने वहां कभी देखा था जितना कि इकत्तीस दिसंबर की रात को उस वक्त वहां देख रहा था। Novels पगडण्डी विकास हाय दिल्ली की सर्दी कह कर ठंड से कुड़कुड़ाने वाले लोग अगर एक बार महोबा के रेलवे स्टेशन पर रात गुजार लें, तो निश्चित ही कहेंगे ‘हाय महोबा की सर्दी। इससे... More Likes This चिट्ठी का इंतजार - भाग 1 द्वारा Deepak Bundela Arymoulik उजाले की राह द्वारा Mayank Bhatnagar Operation Mirror - 3 द्वारा bhagwat singh naruka DARK RVENGE OF BODYGARD - 1 द्वारा Anipayadav वाह साहब ! - 1 द्वारा Yogesh patil मेनका - भाग 1 द्वारा Raj Phulware बेवफाई की सजा - 1 द्वारा S Sinha अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी