लहरें (गीतों का संकलन) Rakesh Kumar Pandey Sagar द्वारा कविता में हिंदी पीडीएफ

लहरें (गीतों का संकलन)

Rakesh Kumar Pandey Sagar द्वारा हिंदी कविता

गीत-1 कहूँ क्या प्रिये याद आने लगी हो नई सुबह आयी, नया है सवेरा, नई टहनियों पर नया है बसेरा, मेरे मन को तुम गुदगुदाने लगी हो, कहूँ क्या प्रिये याद आने लगी हो।। है पहला ...और पढ़े