कहानी में यह बताया गया है कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक युग में टीवी सीरियल और फिल्में अक्सर हिंसा और वासना पर आधारित होती हैं, जिससे बच्चों में नकारात्मक विचार और हीनता का बोध उत्पन्न होता है। आरती नाम की एक लड़की भी इसी समस्या का शिकार है। वह उच्च वर्ग के बच्चों के बीच पढ़ती है, जबकि उसका परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है, जिससे उसे हीनता का अनुभव होता है। आरती ने अपने पिता द्वारा अपनी माँ के साथ किए गए हिंसक व्यवहार को भी देखा है, जो उसके मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव डालता है। उसकी इच्छाएँ, जैसे महंगे रेस्टोरेंट और शॉपिंग, उसे और भी असुरक्षित बनाती हैं। आरती के पिता को समझाने के बाद राकेश उनके परिवार के साथ अधिक जुड़ता है और आरती के साथ खुलकर बातें करने लगता है। वह आरती की उच्च आकांक्षाओं को समझता है और उसे धीरे-धीरे जीवन की वास्तविकताओं से परिचित कराने का प्रयास करता है, ताकि वह अपने हीनता बोध को दूर कर सके और सामान्य जीवन जी सके। रात के ११बजे - भाग - 7 Rajesh Maheshwari द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 5.1k 2.5k Downloads 7.4k Views Writen by Rajesh Maheshwari Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण या तो सीरियल देख रहे होते हैं या फिर वे फिल्में देखते हैं। आज के प्रतिस्पर्धात्मक व्यापारिक युग के चैनल जो सीरियल दिखाते हैं वे भावनाओं को भड़काने वाले होते हैं वरना उन्हें कौन देखेगा। जो फिल्म दिखलाई जाती हैं वे प्रायः हिन्सा और वासना पर आधारित होती हैं। इनमें हिंसा और वासना का वीभत्स रुप ही परोसा जाता है। परिणाम स्वरुप बच्चों में भी हिन्सात्मक और वासनात्मक विचारों, चेष्टाओं और आकांक्षाओं की जड़ें फैल जाती हैं जो आजीवन उनके साथ रहतीं हैं। जब इनकी पूर्ति नहीं होती तो हीनताबोध आता है। वे मानसिक बीमारियों का शिकार हो जाते हैं। Novels रात के ग्यारह बजे आत्म कथ्य नारी ईश्वर की इस सृष्टि की संचालन कर्ता भी है और इसकी गतिशीलता का आधार भी। नारी से मेरा तात्पर्य जीव-जन्तु पेड़-पौधों में उपस्थित नारी... More Likes This चिट्ठी का इंतजार - भाग 1 द्वारा Deepak Bundela Arymoulik उजाले की राह द्वारा Mayank Bhatnagar Operation Mirror - 3 द्वारा bhagwat singh naruka DARK RVENGE OF BODYGARD - 1 द्वारा Anipayadav वाह साहब ! - 1 द्वारा Yogesh patil मेनका - भाग 1 द्वारा Raj Phulware बेवफाई की सजा - 1 द्वारा S Sinha अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी