इस कहानी में एक व्यक्ति खुदा से सवाल करता है कि इंसानियत से दूर होते जा रहे लोगों का क्या हुआ है। वह चिंतित है कि लोग अब हैवानियत पर गर्व महसूस कर रहे हैं और अपनी इंसानियत खो चुके हैं। वह यह भी बताता है कि आजकल इंसानी रूप में शैतान मौजूद हैं, जो केवल कागज के टुकड़ों की कीमत समझते हैं, जबकि सांसों की कोई कीमत नहीं समझते। संवेदनशीलता और मानवता के खिलाफ बढ़ते आतंकवाद और हिंसा की बात करते हुए, वह दुनिया के शक्तिशाली देशों से सवाल करता है कि वे क्यों बेगुनाहों की रक्षा नहीं कर रहे। वह सीरिया के बच्चों का उदाहरण देते हुए बताता है कि कितने मासूमों को अनाथ कर दिया गया है। वह दुनिया के शक्तिशाली देशों से अपील करता है कि अगर वे सच में ताकतवर हैं, तो उन्हें आतंकवाद को खत्म करना चाहिए और बेगुनाहों की रक्षा करनी चाहिए। कहानी का अंत इस सोच के साथ होता है कि इंसानियत को बचाने के लिए जागरूक होना जरूरी है, अन्यथा कल यह समस्या उनके अपने घरों तक पहुंच सकती है। वो बेकसूर.. Satyendra prajapati द्वारा हिंदी मानवीय विज्ञान 17.9k 2.9k Downloads 13.4k Views Writen by Satyendra prajapati Category मानवीय विज्ञान पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण ये खुदा तेरे बनाए इंसान से, अब इंसानियत बहुत दूर है।अब इन्हें इंसानियत पर नहीं, हैवानियत पर गुरूर है।बचे हैं जो कुछ इंसा यहां, क्या उनका इंसान होना कुसूर है।फिर क्यों मिला है दर्द जमाने से उन्हें, बता मेरे खुदा_ वो जो बेकसूर हैं।।?क्या हो गया इन दुनिया वालों को, हा मै उन दुनिया वालों की बात कर रहा हूं। जहां के लोग एक नई दुनिया की खोज कर चुके हैं।हा मै उन समझदार दुनिया वालों की बात कर रहा हूं, जिनकी समझ ने सारी दुनिया ही बदल दी।मगर अफसोस बदलते- बदलते इंसान इतना बदल गया कि कई हद तक More Likes This Money Vs Me - Part 1 द्वारा fiza saifi जैन साध्वी का जीवन द्वारा Ashish रात का राजा - भाग 1 द्वारा Raj Phulware मैं महत्वपूर्ण नहीं हूँ: बरगद की कहानी - 2 द्वारा Dr. Gyanendra Singh Why Did The Man Go - 1 द्वारा Sadik Pathan 01 जवान लड़का – भाग 1 द्वारा Katha kunal दा आर्ट ऑफ फ्लर्टिंग - भाग 1 द्वारा saif Ansari अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी