आशा एक इंटरव्यू के लिए जल्दी में है और अपनी माँ से खाना खाने की बात सुनती है। माँ उसे टिफिन देने का कहती हैं, ताकि शहर में उसे अनहेल्दी खाना न खाना पड़े। आशा टिफिन लेकर निकल जाती है, लेकिन शहर की तेज़ गाड़ियों के बीच सड़क पार करने में उसे डर लग रहा है। वह एक छोटी बच्ची को देखती है, जो एक आदमी के पीछे चलकर सुरक्षित रूप से सड़क पार कर रही है। आशा उस बच्ची की समझदारी से प्रेरित होती है और तभी उसके पास एक युवक आता है, जिससे वह सोचती है कि शायद वह उसे सड़क पार करने में मदद कर सकता है। थेंक यु Sanjay Nayka द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 37.7k 2.8k Downloads 12.3k Views Writen by Sanjay Nayka Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण अनजाने को जान बना देने वाली कहानी अनजाने को जान बना देने वाली कहानी अनजाने को जान बना देने वाली कहानी अनजाने को जान बना देने वाली कहानी अनजाने को जान बना देने वाली कहानी More Likes This मैं दादा-दादी की लाड़ली - 2 द्वारा sapna बिना देखे प्यार - 1 द्वारा mahadev ki diwani वेलेंटाइन- डे, एक अधूरी शुरुआत - 1 द्वारा vikram kori BL Live story - 1 द्वारा PAYAL PARDHI बिल्ली जो इंसान बनती थी - 1 द्वारा Sonam Brijwasi The Monster Who Love Me - 1 द्वारा sheetal Kharwar मेरी हो तुम - 1 द्वारा Pooja Singh अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी