इस कहानी में एक शहर के उच्च वर्ग के इलाके की शाम का दृश्य है। एक लक्ज़री कार ट्रैफिक सिग्नल पर रुकती है, जिसमें एक महिला अपनी 7 साल की बेटी को बड़ी चॉकलेट देती है। हालांकि, बच्ची चॉकलेट खाने के बजाय फुटपाथ पर रंग-बिरंगे गुब्बारे बेचने वाली एक दूसरी बच्ची को देखती है, जो भूख से बेहाल लग रही है। जब कार आगे बढ़ती है, तो बच्ची गुब्बारे बेचने वाली बच्ची के साथ आंखें मिला लेती है। कार एक शॉपिंग मॉल के पास रुकती है, जहां बच्ची अपनी मां से गुब्बारे खरीदने की इच्छा जताती है, लेकिन उसकी मां मना कर देती है। बच्ची रोने लगती है, तब उसकी मां उसे एक और चॉकलेट देती है। गुब्बारे बेचने वाली बच्ची यह सब देख रही है और उसकी नजरें चॉकलेट पर हैं। कहानी में दो बच्चों की इच्छाएं और उनकी परिस्थितियों के बीच का अंतर दर्शाया गया है, जो सामाजिक असमानता और बच्चों की इच्छाओं को उजागर करता है। ख्वाहिशे Sanjay Nayka द्वारा हिंदी लघुकथा 10.2k 3.9k Downloads 12.1k Views Writen by Sanjay Nayka Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण हर किसी के दिल में ख्वाहिशे होती है हर कोई चाहता है की उसकी ख्वाहिशे पूरी हो मेरी कहानी ख्वाहिशे मेने ये दर्शाया है की जब ख्वाहिशे दिल से की गयी हो तो वो जरूर पूरी होती है More Likes This लोकतंत्र की ज़मीनी सच्चाई - 1 द्वारा Std Maurya दिल्ली जिमखाना क्लब द्वारा Devendra Kumar Fake Boyfriend real Feelings - 1 द्वारा Mawaskar Pratigya कॉल - 1 द्वारा sky कुछ बातें मां बाप के दिल की । - 3 द्वारा miss k पढ़ाकू द्वारा Vandna Sharma कोन्निचिवा: माय देसी लव - 1 द्वारा Kajal Soam अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी