कहानी "काहे को दुनिया बनाई" में लेखक अरविन्द कुमार ने राजकपूर की फिल्म "तीसरी कसम" के संदर्भ में दुनिया के निर्माण के उद्देश्य पर विचार किया है। फिल्म में एक गाना है जो यह सवाल उठाता है कि दुनिया बनाने वाले ने यह दुनिया क्यों बनाई। लेखक ने राजनीतिक परिदृश्य को देखते हुए चुनावों के समय नेताओं की चालाकियों और स्वार्थ को उजागर किया है। वह यह बताते हैं कि कैसे नेता चुनावों के दौरान जाति और धर्म के आधार पर समाज को बांटने की कोशिश करते हैं, और महत्वपूर्ण मुद्दों जैसे महंगाई और भ्रष्टाचार को नजरअंदाज कर देते हैं। इस प्रकार, चुनावों का माहौल लोगों के बीच नफरत और विभाजन को बढ़ावा देता है। कहानी में नेताओं की कथनी और करनी के बीच के अंतर को स्पष्ट किया गया है, और यह सवाल उठाया गया है कि आखिरकार इंसानियत का क्या हुआ। काहे को दुनिया बनाई Arvind Kumar द्वारा हिंदी हास्य कथाएं 15k 2.5k Downloads 10.3k Views Writen by Arvind Kumar Category हास्य कथाएं पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण इस व्यंग्य रचना के माध्यम से मैंने उन लोगों पर कटाक्ष करने का प्रयास किया है, जिनको किसी भी स्थिति में चैन नहीं मिलता है. जो हमेशा इस बात का रोना रोते रहते हैं कि यह क्यों हो गया? वह क्यों हो गया? More Likes This Rebirth of a Bench - Index द्वारा Amardeep Kumar God Wishar - 3 द्वारा Ram Make Hero - 5 द्वारा Ram Make Potty Robbers and Me - 1 द्वारा BleedingTypewriter रशीली भाभी का जलवा द्वारा Md Siddiqui चेकपोस्ट:चाणक्य - 1 द्वारा Ashish jain मोहल्ले की भव्य शादी - 1 द्वारा manoj अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी