यह कहानी सूबेदार रब नवाज़ की है, जो कश्मीर की लड़ाई में भाग ले रहा है। वह एक अनुभवी और बहादुर सैनिक है, जिसने पहले कई लड़ाइयों में भाग लिया है। लेकिन इस बार की लड़ाई अलग है, क्योंकि उसे अपने ही पुराने दोस्तों और सहयोगियों का सामना करना पड़ता है, जो अब दुश्मन बन गए हैं। रब नवाज़ को यह समझ में आता है कि वह कश्मीर को हासिल करने के लिए लड़ रहा है, जो पाकिस्तान की बقاء के लिए आवश्यक है। हालांकि, जब वह जानी-पहचानी चेहरे देखता है, तो वह अपने उद्देश्य को भूल जाता है। वह खुद को याद दिलाता है कि वह सिर्फ तनख्वाह या तमगों के लिए नहीं, बल्कि अपने वतन के लिए लड़ रहा है, जो अब पाकिस्तान का हिस्सा बन गया है। कहानी में रब नवाज़ की मनोवैज्ञानिक स्थिति को दर्शाया गया है, जब वह अपने पुराने रिश्तों और वर्तमान की जंग के बीच संघर्ष कर रहा है। उसे अपने वतन के लिए लड़ने की जिम्मेदारी का अहसास है, लेकिन यह चुनौती उसे भावनात्मक रूप से प्रभावित करती है। आख़िरी सेलूट Saadat Hasan Manto द्वारा हिंदी लघुकथा 8.2k 3.9k Downloads 10.8k Views Writen by Saadat Hasan Manto Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण पिछली बड़ी जंग में वो कई महाज़ों पर लड़ चुका था। मारना और मरना जानता था। छोटे बड़े अफ़िसरों की नज़रों में उस की बड़ी तौक़ीर थी, इस लिए कि वो बड़ा बहादुर, निडर और समझदार सिपाही था। प्लाटून कमांडर मुश्किल काम हमेशा उसे ही सौंपते थे और वो उन से ओहदा बरआ होता था। मगर इस लड़ाई का ढंग ही निराला था। दिल में बड़ा वलवला, बड़ा जोश था। भूक प्यास से बेपर्वा सिर्फ़ एक ही लगन थी, दुश्मन का सफ़ाया कर देने की, मगर जब उस से सामना होता, तो जानी पहचानी सूरतों नज़र आतीं। बाअज़ दोस्त दिखाई देते, बड़े बग़ली क़िस्म के दोस्त, जो पिछली लड़ाई में उस के दोष बदोश, इत्तिहादियों के दुश्मनों से लड़े थे, पर अब जान के प्यासे बने हुए थे। Novels मंटो की बेख़ौफ़ कहानियां ये 1919-ई- की बात है भाई जान जब रौलट ऐक्ट के ख़िलाफ़ सारे पंजाब में एजीटेशन होरही थी। मैं अमृतसर की बात कररहा हूँ। सर माईकल ओडवायर ने डीफ़ैंस आफ़ इंडिया र... More Likes This Childhood Friends - Episode 3 द्वारा unknownauther सजा.....बिना कसूर की - 1 द्वारा Soni shakya प्रेरणास्पंदन - 2-3 द्वारा Bhupendra Kuldeep मंजिले - भाग 46 द्वारा Neeraj Sharma हमको ओढ़ावे चदरिया अब चलती बिरया द्वारा Devendra Kumar डायरी का वो आखरी पन्ना - 4 द्वारा Std Maurya कहानी में छुपी एक सन्देश - 1 द्वारा Std Maurya अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी