कहानी "नन्द लाल छेड़ गयो रे" में लेखक ने पुराने समय की राजनीति और समाज की स्थिति का मजाक उड़ाया है। उस समय नंदलालों का छेड़ना ही मुख्य कार्य था, सरकारी दफ्तरों में काम करने का कोई रिवाज नहीं था। लोग काम से बचने के लिए बहाने बनाते थे और शौचालय की कमी के कारण खुली जगहों का उपयोग करते थे। उस समय कोई कानूनी कार्रवाई नहीं होती थी और लोग बिना डर के अपनी मर्जी से जीते थे। बाद के समय में, जब खाकी और खद्दर के लोग राजनीति में आए, तब देश की स्थिति बिगड़ गई। लेखक ने बताया कि अब राजनीति में कोई मजा नहीं रहा, न ही झगड़े होते हैं और न ही चुनावों में कोई हंगामा। नब्बू नाम का पात्र मायूस होकर बताता है कि आजकल की राजनीति में सभी शांत हैं और न तो कोई भ्रष्टाचार का भंडाफोड़ होता है, न ही वोटरों को पैसे बांटे जाते हैं। लेखक ने पुराने समय की याद करते हुए कहा कि तब लोग नेता की पूजा नहीं करते थे और चुनावों में जीत-हार की चिंता नहीं होती थी। नब्बू की बातों से यह स्पष्ट होता है कि आज के नेता और राजनीति में कुछ खास नहीं रह गया है, जो पहले की तरह रोमांचक या उत्साहजनक था। किस दिन मैं छुपा करता हूँ .... sushil yadav द्वारा हिंदी कविता 4.3k 2.6k Downloads 7.7k Views Writen by sushil yadav Category कविता पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण किस दिन मैं छुपा करता हूँ मैं सपनों का ताना बाना, यूँ अकेले बुना करता हूँ मंदिर का करता सजदा, मस्जिद भी पूजा करता हूँ मिलती फुरसत, मुझको जिस दिन, दुनिया के कोलाहल से राम रहीम की बस्ती, अलगू जुम्मन ढूँढा करता हूँ More Likes This कविताओं का संग्रह- भाग 1 द्वारा prachi Gurjar चारपाई की व्यथा द्वारा Vandna Sharma शब्द और सत्य - भाग 1 द्वारा Shivraj Bhokare मन के अल्फाज - ख्वाहिश की कविताएं। - 1 द्वारा khwahishh श्रीरामचरितमानस - भाग 1 द्वारा Shivam Kumar Pandey सादगी के स्वर : लेखिका गीता कुमारी - 1 द्वारा Geeta Kumari जिंदगी संघर्ष से सुकून तक कविताएं - 1 द्वारा Kuldeep Singh अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी