कहानी "मूर्ख सुमंत" एक धनी किसान और उसके तीन पुत्रों - विजय, तारा और सुमंत के बारे में है। विजय सेना में भर्ती हो गया और तारा ने व्यापार शुरू किया, जबकि सुमंत और मनोरमा अपने माता-पिता के साथ खेती करते रहे। विजय ने एक इलाका खरीदा, लेकिन उसे बटाई के लिए किसानों से मदद नहीं मिली। जब उसने अपने पिता से धन मांगा, तो पिता ने उसे बताया कि सुमंत और मनोरमा को धन की आवश्यकता नहीं है। सुमंत ने विजय को उसका तीसरा भाग देने पर सहमति जताई, और विजय धन लेकर चला गया। तारा ने भी धन कमाया और तीसरे भाग की मांग की, लेकिन पिता ने उसे भी मना कर दिया कि उसने कभी भी पिता से सहायता नहीं मांगी। अंततः सुमंत ने तारा को भी उसका भाग देने की अनुमति दी। कहानी का अंत तब होता है जब अधर्मराज चिंतित होता है कि भाइयों ने बिना झगड़े धन बांट लिया। उसने तीन भूतों को भेजा कि वे भाइयों के बीच विवाद उत्पन्न करें। भूतों ने यह सुनिश्चित करने की कोशिश की कि भाइयों के बीच झगड़ा हो, लेकिन सुमंत की मूर्खता के कारण सब कुछ सही रहा। कहानी इस बात पर जोर देती है कि मूर्खता भी कभी-कभी संघर्ष से बचाने में सहायक हो सकती है। मूर्ख सुमंत Munshi Premchand द्वारा हिंदी लघुकथा 15.7k 4.5k Downloads 17.5k Views Writen by Munshi Premchand Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण एक समय एक गांव में एक धनी किसान रहता था। उसके तीन पुत्र थे-विजय सिपाही, तारा वणिक, सुमंत मूर्ख। गूंगीबहरी मनोरमा नाम की एक कुंवारी कन्या भी थी। विजय तो जाकर किसी राजा की सेना में भर्ती हो गया। तारा ने किसी परसिद्ध नगर में सौदागरी की कोठी खोल ली। मूर्ख समुन्त और मनोरमा मातापिता के पास रहकर खेती का काम करने लगे। विजय ने सेना में ऊंची पदवी पराप्त करके एक इलाका मोल ले लिया और एक मालदार पुरुष की कन्या से विवाह कर लिया। उसकी आमदनी का कुछ ठिकाना न था, परन्तु फिर भी कुछ न बचता था। More Likes This मुक्त - भाग 14 द्वारा Neeraj Sharma पिता और अन्य कहानियाँ, भाग-1 द्वारा Anil Kundal Childhood Friends - Episode 3 द्वारा unknownauther सजा.....बिना कसूर की - 1 द्वारा Soni shakya प्रेरणास्पंदन - 2-3 द्वारा Bhupendra Kuldeep मंजिले - भाग 46 द्वारा Neeraj Sharma हमको ओढ़ावे चदरिया अब चलती बिरया द्वारा Devendra Kumar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी