इस अध्याय में कहानी का केंद्र अमृतराय और विधवा ब्राह्मणी पूर्णा की शादी के चारों ओर घूमता है। शहर के लोग यह मानते हैं कि अमृतराय और पूर्णा के बीच कोई गुप्त संबंध है, और इस बात की चर्चा तेजी से फैलने लगती है। प्रेमा, जो अमृतराय से प्रेम करती है, उनके प्रति अपनी आशा बनाए रखती है कि उनका विवाह होगा। जैसे ही यह खबर फैलती है, शहर के प्रतिष्ठित लोग एकत्र होते हैं और इस विवाह को रोकने के लिए योजनाएँ बनाने लगते हैं। पंडित भृगुदत्त और अन्य विद्वान इस विवाह को शास्त्रों के खिलाफ मानते हैं। वे शास्त्रार्थ करने की बात करते हैं, जबकि लोग विवाह को रोकने के लिए उग्र हो जाते हैं और विभिन्न प्रकार की धमकियाँ देने लगते हैं। इस भीड़ में कई लोग अपनी नाराजगी और आक्रोश व्यक्त करते हैं कि वे बिना शास्त्रार्थ के इस विवाह को नहीं होने देंगे। इस प्रकार, पूरे अध्याय में सामाजिक मान्यताओं, विवाह के प्रति पूर्वाग्रह और प्रेम की उम्मीदों के बीच टकराव को दर्शाया गया है। प्रेमा - 9 Munshi Premchand द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 15.2k 5.7k Downloads 15.3k Views Writen by Munshi Premchand Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण प्रेमा प्रेमचंद का पहला उपन्यास था जो १९०७ में हिन्दी में प्रकाशित हुआ था। अध्याय 9 विषयसार - तुम सचमुच जादूगर हो Novels प्रेमा संध्या का समय हैए डूबने वाले सूर्य की सुनहरी किरणें रंगीन शीशो की आड़ सेए एक अंग्रेजी ढ़ंग पर सजे हुए कमरे में झॉँक रही हैं जिससे सारा कमरा रंगीन हो रहा... More Likes This त्रिवेणी: एक आदर्श बहू से बेकार बहू बनने तक का सफर - 1 द्वारा Triveni chakrdhari अनाथ - अध्याय 1 द्वारा Dev Kumar Rawat गायब - एक रात की कहानी - 1 द्वारा Patel Lay Starseeds - Part 1 द्वारा vyomatara Oyy Mr. Vampire - 1 द्वारा kusum kumari बारह बरश का इंतज़ार - 2 द्वारा kusum kumari Second Chance - 1 द्वारा wang pang अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी