यह कहानी पूर्णा की है, जो अपनी विधवा अवस्था के कारण दुखी और समाज में एक मनहूस समझी जाती है। वह पंडाइन, चौबाइन, और मिसराइन की अनुपस्थिति में अकेली और रोते हुए अपने हालात पर विचार करती है। उसे अनुभव होता है कि लोग उसकी सूरत से डरते हैं और अब उसकी कोई सुधी लेने वाला नहीं है, सिवाय बाबू अमृतराय के। पूर्णा प्रतिदिन गंगा स्नान करने जाती है, लेकिन आज कुछ बिन बुलाए मेहमानों के आने से वह देर से जा रही होती है। रास्ते में उसे रामकली नाम की एक युवा महिला मिलती है, जो अपनी विधवा स्थिति की कहानियां सुनाती है। रामकली भी अपने दुखों का जिक्र करती है और बताती है कि वह खुद को घर की लौंडी समझती है, जबकि अन्य महिलाएं खुशहाल जीवन जी रही हैं। रामकली अपने दर्द और समाज की निराशाजनक स्थितियों को साझा करती है, जिससे पूर्णा की स्थिति का भी पता चलता है। दोनों महिलाएं अपने संघर्षों और समाज के प्रति अपनी निराशा को व्यक्त करती हैं। प्रेमा - 6 Munshi Premchand द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 26.1k 6.4k Downloads 14.8k Views Writen by Munshi Premchand Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण प्रेमा प्रेमचंद का पहला उपन्यास था जो १९०७ में हिन्दी में प्रकाशित हुआ था। अध्याय 6 विषयसार - मुये पर सो दुर्रे Novels प्रेमा संध्या का समय हैए डूबने वाले सूर्य की सुनहरी किरणें रंगीन शीशो की आड़ सेए एक अंग्रेजी ढ़ंग पर सजे हुए कमरे में झॉँक रही हैं जिससे सारा कमरा रंगीन हो रहा... More Likes This कुदरत का कानून..- 2 द्वारा shilpi वो रात जब सब बदल गया - 1 द्वारा Ishaaa LAST STAGE - 1 द्वारा Muhib Khan K Pop मेरा पति - 1 द्वारा shreya उम्मीदों की छाँव - अध्याय 1 द्वारा mahendr Kachariya कोहरे का पुराना पुल और अंदर की आवाज - भाग 2 द्वारा Vishakha Pareek SHADOW'S WORLD - CHAPTER 1 द्वारा Ansul Fouzdar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी