कहानी "लाल गुलाब के चार फूल" में रविशा, एक वेडिंग प्लानर, और मनीष, एक फ्लावर शॉप के मालिक, के बीच का अनकहा प्यार दर्शाया गया है। रविशा अक्सर मनीष की दुकान पर फूलों का ऑर्डर देती है, और मनीष हर बार उसे देखकर खुश होता है। मनीष ने पहली मुलाकात में ही रविशा को पसंद कर लिया था, लेकिन उसे लगता है कि वह उसके जैसे एक छोटे व्यापारी से प्यार नहीं कर सकती। रविशा एक खुशमिजाज और खुले विचारों वाली लड़की है, जो मनीष के प्रति अपने भावनाओं को नहीं समझती। मनीष अपनी भावनाओं को छिपाए रखता है, लेकिन उसकी छोटी-छोटी बातचीत से उसका दिन बन जाता है। कहानी में एक दिन रविशा की खूबसूरती और मुस्कान से मनीष की खुशी का जिक्र है, जो उसकी दुकान पर आने से और भी बढ़ जाती है। कहानी ये दर्शाती है कि कैसे प्यार अनजाने में विकसित होता है और दोनों पात्र अपने-अपने कामों में व्यस्त रहते हुए भी एक-दूसरे के प्रति गहरे भावनात्मक जुड़ाव को महसूस करते हैं। लाल गुलाब के चार फूल RK Agrawal द्वारा हिंदी लघुकथा 5.6k 2.9k Downloads 14.4k Views Writen by RK Agrawal Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण 'हेलो, कल की तरह गेंदे के फूलों के 40 पैक्स और सफ़ेद, लाल गुलाब के फूलों के 10 पैक्स दे देना प्लीज' रविशा ने मनीष की तरफ बिना देखे ही फ़ोन पर कुछ सर्च करते हुए आर्डर दिया. 'ओके, मैडम' मनीष तन्मयता से फूलों की पैकिंग करने लगा, हालाँकि इस बीच रोज की तरह वह छिपकर रविशा की एक भरपूर झलक देख लेने में भी कामयाब रहा था. जिसके बारे में रविशा को कोई अंदाजा नही था. वह अक्सर, कभी कभी तो हर रोज उसी फ्लावर शॉप में आकर होलसेल फ्लावर्स की शॉपिंग किया करती थी. More Likes This प्रतिघात: दिल्ली की वो शाम - 2 द्वारा Abantika हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar यादो की सहेलगाह - रंजन कुमार देसाई (1) द्वारा Ramesh Desai अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी