इस भाग में वैष्णवी ने श्रीकांत से बार-बार शपथ ली है कि वह उसके पूर्व विवरण को सुनकर घृणा नहीं करेगा। श्रीकांत ने कहा कि वह सुनना नहीं चाहता, लेकिन अगर सुनता है, तो घृणा नहीं करेगा। वैष्णवी ने पूछा कि क्यों नहीं, तो श्रीकांत ने बताया कि वह जानता है कि इस प्रकार की बातें सुनकर लोग अक्सर घृणा करते हैं, लेकिन उसे ऐसा नहीं होता। वैष्णवी ने फिर पूछा कि क्या वह पूर्वजन्म और अगले जन्म में विश्वास करता है, जिस पर श्रीकांत ने नकारात्मक उत्तर दिया। वैष्णवी ने एक घटना बताई, जिसमें गौहर गुसाईं के एक मित्र का जिक्र हुआ। उसने बताया कि वह मित्र बिना किसी डर के मुसलमान के घर रह रहा है क्योंकि उसका कोई अपना नहीं है। वैष्णवी ने उस मित्र का नाम सुनकर हैरानी जताई और कहा कि सिर्फ नाम सुनकर ही औरतें पागल हो जाती हैं। उसने यह भी कहा कि वह केवल एक ही बात याद करती रही कि श्रीकांत कब आएगा और उसे अपनी आँखों से कब देख सकेगी। अंत में, वैष्णवी ने कहा कि अगर पूर्वजन्म सत्य नहीं होता तो यह सब संभव नहीं हो पाता। श्रीकांत - भाग 17 Sarat Chandra Chattopadhyay द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 7.3k 3.9k Downloads 11.1k Views Writen by Sarat Chandra Chattopadhyay Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण वैष्णवी ने आज मुझसे बार-बार शपथ करा ली कि उसका पूर्व विवरण सुनकर मैं घृणा नहीं करूँगा। 'सुनना मैं चाहता नहीं, पर अगर सुनूँ तो घृणा न करूँगा।' वैष्णवी ने सवाल किया, 'पर क्यों नहीं करोगे? सुनकर औरत-मर्द सब ही तो घृणा करते हैं।' 'मैं नहीं जानता कि तुम क्या कहोगी, तो भी अन्दाज लगा सकता हूँ। यह जानता हूँ कि उसे सुनकर औरतें ही औरतों से सबसे ज्यादा घृणा करती हैं, और इसका कारण भी जानता हूँ, पर तुम्हें वह नहीं बताना चाहता। Novels श्रीकांत मेरी सारी जिन्दगी घूमने में ही बीती है। इस घुमक्कड़ जीवन के तीसरे पहर में खड़े होकर, उसके एक अध्याापक को सुनाते हुए, आज मुझे न जाने कितनी बातें याद आ रह... More Likes This सुनहरा फलक - 1 द्वारा Digvijay Singh Rathore खलनायिका के रूप में पुनर्जन्म - 1 द्वारा Fictional world THE UNTOLD CHAPTER - 1 द्वारा Neha Banchhor कुरिवाज की केद से सपनों की उड़ान तक - 1 द्वारा miss k त्रिवेणी: एक आदर्श बहू से बेकार बहू बनने तक का सफर - 1 द्वारा Triveni chakrdhari अनाथ - अध्याय 1 द्वारा Dev Kumar Rawat गायब - एक रात की कहानी - 1 द्वारा Patel Lay अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी