कहानी "पगला" एक व्यक्ति के अनुभवों के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अपने सहकर्मी पगला से पहली मुलाकात के बाद उसकी अनियमितता और विद्रोही स्वभाव का सामना करता है। गिरिजा, उसकी पत्नी, उसे पगला के बारे में बताती है, जो उसे असहज और गुस्से में डाल देता है। पगला, जो शिक्षा और सरकारी नौकरी के प्रति आलोचनात्मक है, अपने विचार व्यक्त करता है और समाज के दोहरे मानकों पर सवाल उठाता है। पहली मुलाकात में, पगला अपने तीखे सवालों से protagonist को चौंका देता है। उनकी बातचीत में तनातनी बढ़ती है, और पगला की आक्रामकता से protagonist को चोट लग जाती है। इसके बाद protagonist पगला से दूर रहने की कोशिश करता है, लेकिन पगला एक दिन अचानक उसके घर आ जाता है। वहां, पगला protagonist को उसकी लेखन क्षमता पर सवाल उठाता है और उसे झूठा बताता है। कहानी में यह स्पष्ट होता है कि पगला अपनी कठिनाइयों का सामना शराब के माध्यम से करता है और जीवन की विडंबनाओं को लेकर निराश है। अंत में, protagonist और पगला की बातचीत यह दर्शाती है कि समाज में हर कोई अपने तरीके से संघर्ष कर रहा है, और वे दोनों अपने-अपने तरीके से पागल हैं। कहानी शिक्षा, सामाजिक मानदंडों, और व्यक्तिगत संघर्ष की गहरी परतों को उजागर करती है। पगला Bhagwati Prasad Dwivedi द्वारा हिंदी लघुकथा 5.4k 2.6k Downloads 12k Views Writen by Bhagwati Prasad Dwivedi Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण पगला ‘‘....वही आपका साथी पगला !'' गिरिजा खबर सुनाते हुए चाय का प्याला थमाकर हाथ मटकाती चली गयी । प्याला उठाया तो न जाने क्यों चाय पीने की इच्छा जाती रही । पुनः मेज पर रख दिया । पत्नी पर ही अच्छा—खासा गुस्सा उतर आया, मगर उसे भी पी जाना पड़ा । अचानक बेचैन नजरें दीवार के कोने से जा टिकीं । ‘किट—किट' करती हुई मकड़ी जाल बुनने में मशगूल थी । ‘‘पगला ।'' न चाहते हुए भी उसका चेचक के दानों से भरा झुर्रीदार चेहरा आँखों के आगे नाचने लगा । ‘‘बाबू, आप एम.एससी. हैं ?'' पहली मुलाकात में More Likes This हमको ओढ़ावे चदरिया अब चलती बिरया द्वारा Devendra Kumar डायरी का वो आखरी पन्ना - 4 द्वारा Std Maurya कहानी में छुपी एक सन्देश - 1 द्वारा Std Maurya मेरे समाज में ऐसा क्यों होता हैं - भाग 1 द्वारा Std Maurya ऐसे ही क्यों होता हैं? - 1 द्वारा Std Maurya एक डिवोर्स ऐसा भी - 1 द्वारा Alka Aggarwal पहली मुलाक़ात - 1 द्वारा puja अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी