कहानी "लक्ष्य" प्रदीप कुमार साह द्वारा narrates एक व्यक्ति के अनुभव को जब वह अपने चचेरे भाई के परिवार से मिलता है। वहाँ के बच्चों में सीखने की ललक की कमी है, जिससे भाभीजी चिंतित हैं। रात को भाई साहब भी बच्चों की लापरवाही पर चिल्लाते हैं, लेकिन बच्चों पर इसका असर नहीं होता। लेखक ने बच्चों के मन में क्रोध और द्वेष की भावना देखी, जिससे उनके विकास में रुकावट आती है। लेखक क्रोध और नकारात्मक भावनाओं के प्रभाव पर विचार करता है और भारतीय इतिहास के उदाहरणों का उल्लेख करता है, जैसे कि शिवाजी और चंद्रगुप्त मौर्य, जिन्होंने अपने जीवन में लक्ष्यों को निर्धारित किया। लेखक का मानना है कि बच्चों के लिए सही लक्ष्य निर्धारित करना अभिभावकों का दायित्व है, लेकिन केवल लाड़-प्यार से नहीं, बल्कि उचित मार्गदर्शन से। कहानी इस बात पर भी जोर देती है कि बिना लक्ष्य के जीवन में प्रगति संभव नहीं है और यह आवश्यक है कि बच्चों को सही दिशा में प्रेरित किया जाए। लक्ष्य वनाम् जीवन और ज़मीर(दो कहानी) Pradeep Kumar sah द्वारा हिंदी लघुकथा 8.3k 2.5k Downloads 9.4k Views Writen by Pradeep Kumar sah Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण उसने देखा कि अन्दर से मिलकर जो प्रतिभागी बाहर आता, वह प्रसन्नचित होता. तथापि वे सब पूरी गोपनीयता बरत रहे थे. इससे साहब से मिलने हेतु धीरज का बेसब्री भी बढ़ता गया. सबके अंत में धीरज की बारी आई,उसे अंदर बुलाया गया.अंदर जाते हुए धीरज की बेचैनी और भी ज्यादा बढ़ गयी. उसका दिल जोर-जोर से धड़कने लगा. More Likes This उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar यादो की सहेलगाह - रंजन कुमार देसाई (1) द्वारा Ramesh Desai मां... हमारे अस्तित्व की पहचान - 3 द्वारा Soni shakya शनिवार की शपथ द्वारा Dhaval Chauhan अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी