गुप्तजी रविवार को घर पर थे, जहां उनके मेहमान आए हुए थे। उन्होंने नाश्ते के लिए ब्रैड पकोड़ा बनाने का फैसला किया। गुप्तजी स्टेशन गए ब्रैड लाने, लेकिन वहां दिल्ली जाने वाली शटल देखकर उन्होंने सोचा कि शाहदरा से ब्रैड लाना सस्ता पड़ेगा। वह शटल में चढ़ गए। शाहदरा से ब्रैड लेकर लौटते समय अगली शटल छूट गई, जिससे उन्हें बस पकड़नी पड़ी। बस में चढ़ते समय कंडक्टर ने टिकट के पैसे मांगे, लेकिन गुप्तजी के हाथ में पैसे नहीं थे। उन्होंने किसी तरह पैसे दिए और 50 पैसे वापस लेना चाहा, लेकिन कंडक्टर समय पर नहीं आया। इस प्रकार गुप्तजी पैसे बचाने के चक्कर में काफी समय बर्बाद कर चुके थे। ब्रैड पकोड़ा Ved Prakash Tyagi द्वारा हिंदी लघुकथा 65.6k 2.3k Downloads 8.3k Views Writen by Ved Prakash Tyagi Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण रविवार के अवकाश मे गुप्तजी घर पर ही थे, घर पर दो मेहमान भी आए हुए थे। गुप्तजी विजयनगर गाज़ियाबाद मे रह रहे थे। गाज़ियाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा बसाई गयी इस कॉलोनी मे गुप्तजी का एक छोटा सा ही लेकिन अपना घर था। किराए पर रहने से होने वाली तकलीफ़ों से गुप्तजी को छुटकारा मिल गया था। विजयनगर गाज़ियाबाद स्टेशन के साथ ही है अतः यहाँ पर ज़्यादातर सरकारी नौकरी वाले लोग ही अपने परिवारों के साथ रहते है। रेल द्वारा प्रतिदिन कार्यालय जाने आने मे सुविधा रहती है और खर्चे भी कम होते है। More Likes This मुक्त - भाग 14 द्वारा Neeraj Sharma पिता और अन्य कहानियाँ, भाग-1 द्वारा Anil Kundal Childhood Friends - Episode 3 द्वारा unknownauther सजा.....बिना कसूर की - 1 द्वारा Soni shakya प्रेरणास्पंदन - 2-3 द्वारा Bhupendra Kuldeep मंजिले - भाग 46 द्वारा Neeraj Sharma हमको ओढ़ावे चदरिया अब चलती बिरया द्वारा Devendra Kumar अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी