कहानी "किस्मत की" में रहमान मियाँ, जो दुबई में एक सफल वस्त्र व्यवसायी थे, अचानक दिल का दौरा पड़ने से निधन हो जाते हैं। उनके सात साल के बेटे साजिद को अपनी माँ उलफत बेगम पर निर्भर रहना पड़ता है, जो पति के कारोबार को संभालने में व्यस्त रहती हैं। इस कारण साजिद को माँ का प्यार नहीं मिल पाता, जिससे वह कुंठित होता है और अपने माता-पिता को याद करता है। जैसे-जैसे समय बीतता है, साजिद की माँ उसे समझाने की कोशिश करती है कि दुबई का कारोबार उसका भविष्य है, लेकिन साजिद भारत जाने की जिद पर अड़ा रहता है। अंततः उलफत बेगम को बेटे की जिद के आगे हार मानकर भारत जाना पड़ता है। भारत में साजिद को पढ़ाई और कारोबार में असफलता का सामना करना पड़ता है। फिर साजिद एक दोस्त की मदद से सरकस में काम करने लगता है, जिससे उसकी माँ चिंतित हो जाती है। कहानी में साजिद का संघर्ष और उसकी माँ के प्रति प्रेम दर्शाया गया है, जिसमें वह अपने भविष्य को लेकर निर्णय लेने की कोशिश करता है। कहानी किस्मत की Shanti Purohit द्वारा हिंदी लघुकथा 8.8k 2.5k Downloads 18.6k Views Writen by Shanti Purohit Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण कहानी किस्मत की ,मेरी मौलिक ,अप्रकाशित रचना है More Likes This उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar यादो की सहेलगाह - रंजन कुमार देसाई (1) द्वारा Ramesh Desai मां... हमारे अस्तित्व की पहचान - 3 द्वारा Soni shakya शनिवार की शपथ द्वारा Dhaval Chauhan अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी