इस भाग में लेखक श्रीकांत मानवता की अंतर्निहित वस्तु और अहंकार पर विचार करता है। वह देखता है कि लोग अपने कार्यों का दोष भगवान पर डालते हैं और अपने अहंकार को बढ़ाते हैं। समालोचकों की आलोचना को लेकर वह सोचता है कि वे कैसे कवि की रचनाओं को समझने में असफल रहते हैं और केवल अपने ज्ञान का प्रदर्शन करते हैं। लेखक को अन्ना जीजी की याद आती है, जिनकी दिव्य उपस्थिति ने उनके जीवन में गहरा प्रभाव डाला। जीजी के जाने के बाद, लेखक का मन उदासी में डूब जाता है, और वह अपनी भावनाओं को व्यक्त करता है कि किस प्रकार जीजी के स्पर्श से उसकी जिंदगी में परिवर्तन आया। वह जीजी को एक सम्मानित स्थान पर देखने की कल्पनाएं करता है और उनके प्रति अपने गहरे प्रेम को व्यक्त करता है। कुल मिलाकर, यह भाग मानव के आत्म-साक्षात्कार, अहंकार, और प्रियजनों के प्रति भावनाओं की गहराई का चित्रण करता है। श्रीकांत - भाग 4 Sarat Chandra Chattopadhyay द्वारा हिंदी फिक्शन कहानी 5.4k 5.3k Downloads 16.5k Views Writen by Sarat Chandra Chattopadhyay Category फिक्शन कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण मनुष्य के भीतर की वस्तु को पहिचान कर उसके न्याय-विचार का भार अन्तर्यामी भगवान के ऊपर न छोड़कर मनुष्य जब स्वयं उसे अपने ही ऊपर लेकर कहता है 'मैं ऐसा हूँ, मैं वैसा हूँ, यह कार्य मेरे द्वारा कदापि न होता, वह काम तो मैं मर जाने पर भी न करता', आदि- तब ये बातें सुनकर मुझे शर्म आए बिना नहीं रहती। और फिर केवल अपने मन के ही सम्बन्ध में नहीं, दूसरों के सम्बन्ध में भी, मैं देखता हूँ, कि मनुष्य के अहंकार का मानो अन्त ही नहीं, है। Novels श्रीकांत मेरी सारी जिन्दगी घूमने में ही बीती है। इस घुमक्कड़ जीवन के तीसरे पहर में खड़े होकर, उसके एक अध्याापक को सुनाते हुए, आज मुझे न जाने कितनी बातें याद आ रह... More Likes This Beyond the Pages - 1 द्वारा cat रूहों का सौदा - 1 द्वारा mamta लाल पत्थर का राज - भाग 1 द्वारा Anil singh जागती परछाई - 3 द्वारा Shivani Paswan विलनेस का पुनर्जन्म अब बदला होगा - 1 द्वारा KahaniCraft वासना दैत्य ही वासना देव है! - 1 द्वारा Krayunastra THE PIANO MEN - 1 द्वारा rajan अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी