कहानी "संदूकची" में मिस्टर शुभाशीष बेनर्जी अपने परिवार की भीड़ और तनावपूर्ण स्थिति का सामना कर रहे हैं। वह सोचते हैं कि इतने सालों में उनके बिना कोई फैसला नहीं हो सकता था, लेकिन आज सब उन्हें बुला रहे हैं। जब वे बैठक में बैठते हैं, तो पूरा परिवार उनकी ओर घूरता है, जिसमें उनके भाई, बहनें, बच्चे और 'वो' खास व्यक्ति शामिल हैं, जिसके बारे में निर्णय लेना है। शुभाशीष की मुस्कान पर सभी के अलग-अलग विचार हैं। परिवार के सदस्य एक-दूसरे से बात करते हैं और शुभाशीष से उम्मीद करते हैं कि वह कुछ बोलें। उनकी बेटियां और बहुएं विभिन्न भावनाओं का अनुभव कर रही हैं। अंत में, शुभाशीष एक कुर्सी पर 'वो' को बैठाते हैं और घोषणा करते हैं कि उन्हें अपनी 68 साल की जिंदगी में कहने के लिए बहुत कुछ है। कहानी परिवार के बीच के रिश्तों, उम्मीदों और निर्णयों के दबाव को दर्शाती है, जबकि शुभाशीष अपनी भावनाओं को साझा करने का समय ढूंढते हैं। Sandukchi Asha Pandey द्वारा हिंदी लघुकथा 6.4k 1.6k Downloads 7.1k Views Writen by Asha Pandey Category लघुकथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण मिस्टर बेनर्जी अपने हाथो में अपना चेहरा पकडे सोच रहे थे कि इतना भीड़ इतने लोग तो एक साथ मेरे घर में 20 पहले भी नहीं आये थे जब केया.... तभी पीछे से छोटे भाई ने आवाज़ दी दादा इधर आओ तुम्हारे बीना कोई फैसला कैसे होगा? अपने उम्र से ज़्यादा बूढे हो चूके मिस्टर शुभाशीष बेनर्जी खुद को अपने ही पैरों पर घसीटते चल पड़े बैठक में जहाँ पूरा ख़ानदान ,नए रिश्तेदार और 'वो'थी जिसके लिए ये हलचल ये भीड़ ये सवाल और ये फैसले की घड़ी शुभाशीष सोचते जा रहे थे कि क्या सच मेरे बीना कोई फैसला किसी का रुक सका था जो आज मुझे बुला रहे । More Likes This प्रतिघात: दिल्ली की वो शाम - 2 द्वारा Abantika हिकमत और कमाई द्वारा Devendra Kumar उड़ान (1) द्वारा Asfal Ashok नौकरी द्वारा S Sinha रागिनी से राघवी (भाग 1) द्वारा Asfal Ashok अभिनेता मुन्नन द्वारा Devendra Kumar यादो की सहेलगाह - रंजन कुमार देसाई (1) द्वारा Ramesh Desai अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी