कहानी-संग्रह "गंगा चौकीदारनी की कथा" प्रकाश मनु द्वारा लिखा गया है। यह ई-बुक 15 नवंबर 2015 को प्रकाशित हुई है और इसमें 49 पृष्ठ हैं, जिसमें कुल 16,867 शब्द हैं। प्रकाश मनु का जन्म 12 मई, 1950 को उत्तर प्रदेश के शिकोहाबाद में हुआ। उन्होंने आगरा कॉलेज से भौतिक विज्ञान में एम.एस-सी. और बाद में हिंदी में एम.ए. की डिग्री प्राप्त की। उन्होंने कुछ समय के लिए प्राध्यापक के रूप में काम किया और बच्चों की पत्रिका 'नंदन' के संपादक रहे। उनके लेखन में उपन्यास, कहानी-संग्रह और बाल साहित्य की लगभग सौ पुस्तकें शामिल हैं। उन्होंने 'यह जो दिल्ली है', 'कथा सर्कस', और 'पापा के जाने के बाद' जैसे उपन्यास लिखे हैं, जिनकी काफी चर्चा हुई है। उनके बाल साहित्य में 'गंगा दादी जिंदाबाद', 'किस्सा एक मोटी परी का', और 'मेरी प्रिय बाल कहानियाँ' जैसी कई प्रमुख पुस्तकें हैं। प्रकाश मनु स्वतंत्र लेखन में सक्रिय हैं और बच्चों के लिए विविध साहित्यिक योजनाओं पर कार्य कर रहे हैं। गंगा चौकीदारानी की कथा Prakash Manu द्वारा हिंदी बाल कथाएँ 637 2.8k Downloads 9.6k Views Writen by Prakash Manu Category बाल कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण Ganga Caukeedaaranee Ki Katha More Likes This The Great Gorila - 1 द्वारा Ravi Bhanushali अमित की अनोखी दुनिया - 1 द्वारा Chhaya Dubey अमृत की खोज द्वारा ANOKHI JHA तेरी मेरी यारी - 1 द्वारा Ashish Kumar Trivedi आम का बगीचा - भाग 1 द्वारा puja एक बस स्टॉप द्वारा Birendrapatel विवान द सुपर स्टार - 1 द्वारा Himanshu Singh अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी