Behad Dard - 1 book and story is written by skd in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Behad Dard - 1 is also popular in Drama in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. बेहद दर्द - 1 skd द्वारा हिंदी नाटक 1.3k Downloads 3.5k Views Writen by skd Category नाटक पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण “मैंने कुछ नहीं किया… मुझे मत मारो… बहुत दर्द हो रहा है।मैंने कोई गलती नहीं की। सच में मम्मी… वो तो विक्की अंकल ने मेरे साथ गलत व्यवहार किया था। मैं सच कह रही हूँ… मैंने कुछ नहीं किया।”रुचि आँखों में आँसू लिए अपनी माँ से विनती कर रही थी।लेकिन उसकी माँ, सावित्री जी, बिना रुके उस पर डंडे बरसाए जा रही थीं।“चुप कर, कर्मजली! हमें बेवकूफ समझ रखा है क्या?हम अच्छी तरह जानते हैं तू कैसी है। खुद आदमी पर डोरे डालती है और अब बिचारी बनने का नाटक कर रही है, बेचारे मिस्टर विक्की जैसे शरीफ आदमी पर More Likes This सौतेली माँ का साया (भाग 1) द्वारा Nisha Choudhary कुँवारी बिंदी - 1 द्वारा Prem Shankar माँ का वह अनकहा खत (भाग 2) द्वारा Nisha Choudhary दो पतियों की लाडली पत्नी (Season 2) - 1 द्वारा Sonam Brijwasi माँ का वह अनकहा खत (भाग 1) द्वारा Nisha Choudhary DASTAN-E-KARB - भ्रम से परे क्या है? - Chapter 1 Scene 1 द्वारा Azoorey राज़ के सात फेरे - 4 द्वारा jaisy singh अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी