Munjya book and story is written by Vedant Kana in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Munjya is also popular in Horror Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. Munjya Vedant Kana द्वारा हिंदी डरावनी कहानी 60 Downloads 150 Views Writen by Vedant Kana Category डरावनी कहानी पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण अमावस की काली रात थी और दूर पीपल के पेड़ की शाखाएं बिना हवा के ही धीरे धीरे हिल रही थीं। लोग जल्दी अपने दरवाजे बंद कर चुके थे, क्योंकि गांव में एक पुरानी बात फैली हुई थी कि इस पेड़ के नीचे रात में जाना मौत को बुलाने जैसा है।मैं तब छोटा था और अपने दादा के साथ उस पुराने घर में रहता था। दादा अक्सर कहते थे कि रात में अगर पीपल के पास से हंसी की आवाज आए तो कभी जवाब मत देना। उस समय मुझे ये सब कहानियां लगती थीं, लेकिन उस रात सब कुछ बदल More Likes This रक्त की प्यास (भाग-1) द्वारा Shivraj Bhokare Honted Jobplace - 1 द्वारा Sonam Brijwasi दरवाजा: काली हवेली का श्राप - 1 द्वारा Piyu soul वो कौन थी? - 1 द्वारा sapna राज-ए-खंडहर: श्रापित विरासत - 1 द्वारा Dev Kumar Rawat Fannaah: An Impossible Love Story - 1 द्वारा Neelam Panwar मेरी शादी जिस लड़की से हुई… वो इंसान नहीं थी - 1 द्वारा Story King अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी