belongingness book and story is written by Vijay Erry in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. belongingness is also popular in Love Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. अपनापन Vijay Erry द्वारा हिंदी प्रेम कथाएँ 1.5k 900 Downloads 2.8k Views Writen by Vijay Erry Category प्रेम कथाएँ पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण अपनापनलेखक: विजय शर्मा एरी---प्रस्तावनासमर्पण—यह शब्द केवल त्याग का नहीं, बल्कि प्रेम, कर्तव्य और आत्मा की गहराई का प्रतीक है। जब कोई व्यक्ति अपने स्वार्थ से ऊपर उठकर दूसरों के लिए जीता है, तो वही समर्पण भाव कहलाता है। यह कहानी एक ऐसे युवक की है, जिसने अपने जीवन को दूसरों की भलाई में समर्पित कर दिया।---पहला अध्याय: गाँव का युवकपंजाब के एक छोटे से गाँव में अर्जुन नाम का युवक रहता था। साधारण परिवार से था, लेकिन उसके सपने बड़े थे। वह पढ़ाई में तेज़ था और शहर जाकर नौकरी करना चाहता था।परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर थी। पिता खेती More Likes This प्यार का जाल - 1 द्वारा Ritu Kumari Mr. Ms. Fake - एपिसोड 8 द्वारा kajal jha Love Beyond Countries - Part 1 द्वारा Anup Anand अजनबी से हमसफ़र तक - 1 द्वारा Payal Author बारिशवाला प्यार - 1 द्वारा Radha बारिश में मिली मोहब्बत - 1 द्वारा Satyam Solanki एक खत, जो कभी पहुँच नहीं पाया - 1 द्वारा Shanaya mehra अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी