Vaqt Ka Khel book and story is written by vaani in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. Vaqt Ka Khel is also popular in Motivational Stories in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. वक़्त का खेल SYAAY द्वारा हिंदी प्रेरक कथा 1.6k 957 Downloads 2.9k Views Writen by SYAAY Category प्रेरक कथा पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण वक़्त का खेल.बरसात की रात थी। आसमान कड़क रही बिजली से गूँज रहा था, और मिट्टी की झोपड़ी की टूटी छत से पानी टपक रहा था। उसी छत के नीचे बैठी नेहा अपने पुराने कंबल में लिपटकर पढ़ाई कर रही थी। सामने जलती टिमटिमाती लालटेन उसकी किताब के पन्नों पर मुश्किल से रोशनी फैला रही थी। पास में बिस्तर पर लेटे उसके पिता रामलाल बार-बार खाँसते और दर्द से कराहते। एक हादसे ने उनकी कमर छीन ली थी, और अब वे घर के लिए कुछ नहीं कर सकते थे। रोज़ी-रोटी का सारा बोझ उसकी माँ सावित्री देवी के कंधों पर More Likes This ट्रिपलेट्स भाग 2 द्वारा Raj Phulware जहाँ से खुद को पाया - 1 द्वारा vikram kori 8:30 pm शांति एक्सप्रेस - 1 द्वारा Bhumika Gadhvi स्वयं पर नज़र: जीवन को समझने का असली मार्ग - 1 द्वारा Sweta Pandey बलवीर की बल्ली - भाग 1 द्वारा Raj Phulware बड़े दिल वाला - भाग - 1 द्वारा Ratna Pandey The Impossible Walk - 1 द्वारा Rj Nikunj Vaghasiya अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी