The village evenings book and story is written by Akash Singh in Hindi . This story is getting good reader response on Matrubharti app and web since it is published free to read for all readers online. The village evenings is also popular in Philosophy in Hindi and it is receiving from online readers very fast. Signup now to get access to this story. गाँव की वो शामें Akash Singh द्वारा हिंदी मनोविज्ञान 1.1k 1.8k Downloads 4.7k Views Writen by Akash Singh Category मनोविज्ञान पढ़ें पूरी कहानी मोबाईल पर डाऊनलोड करें विवरण शाम का समय वैसे तो हर जगह का प्यारा होता है,लेकिन गाँव की शामों की बात ही कुछ और होती है।गाँव में शाम होती नहीं, उतरती है —धीरे-धीरे, बिल्कुल नीम के पत्तों पर ओस की बूंदों जैसी।जब सूरज ढलता था, और आसमान सुनहरे से नारंगी रंग में रंग जाता था,तब ऐसा लगता था जैसे पूरा गाँव अपनी थकान को एक सादी-सी मुस्कान में लपेटकर आराम करने जा रहा हो।खेतों से लौटते किसान, बैलों की गले की घंटियाँ, और बगल के तालाब से आती मेंढकों की टर्र-टर्र...ये सब मिलकर एक ऐसा संगीत रचते थे, जिसमें न लय की कमी होती थी, More Likes This जीवन का विज्ञान - 2 द्वारा Vedanta Life Agyat Agyani शब्द उपनिषद — सृष्टि का मौन विज्ञान - 1 द्वारा Vedanta Life Agyat Agyani जीवनोपनिषद - 1 द्वारा Vedanta Life Agyat Agyani मनत्रयी दर्शनम् द्वारा Vedanta Life Agyat Agyani संभोग से समाधि - 1 द्वारा Vedanta Life Agyat Agyani तन्हा सफ़र: जज़्बातों की छांव में भीगा इश्क़ - 2 द्वारा Babul haq ansari सिसकती वफ़ा: एक अधूरी मोहब्बत की मुकम्मल दास्तान - 2 द्वारा Babul haq ansari अन्य रसप्रद विकल्प हिंदी लघुकथा हिंदी आध्यात्मिक कथा हिंदी फिक्शन कहानी हिंदी प्रेरक कथा हिंदी क्लासिक कहानियां हिंदी बाल कथाएँ हिंदी हास्य कथाएं हिंदी पत्रिका हिंदी कविता हिंदी यात्रा विशेष हिंदी महिला विशेष हिंदी नाटक हिंदी प्रेम कथाएँ हिंदी जासूसी कहानी हिंदी सामाजिक कहानियां हिंदी रोमांचक कहानियाँ हिंदी मानवीय विज्ञान हिंदी मनोविज्ञान हिंदी स्वास्थ्य हिंदी जीवनी हिंदी पकाने की विधि हिंदी पत्र हिंदी डरावनी कहानी हिंदी फिल्म समीक्षा हिंदी पौराणिक कथा हिंदी पुस्तक समीक्षाएं हिंदी थ्रिलर हिंदी कल्पित-विज्ञान हिंदी व्यापार हिंदी खेल हिंदी जानवरों हिंदी ज्योतिष शास्त्र हिंदी विज्ञान हिंदी कुछ भी हिंदी क्राइम कहानी